रानीखेत (अल्मोड़ा)। पूर्व सांसद प्रदीप टम्टा ने कहा कि अंकिता हत्याकांड में पुलिस की भूमिका संदिग्ध रही है। उन्होंने इसके लिए गठित एसआईटी पर संदेह जताया। कहा कि मुख्यमंत्री से मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की।
यहां प्रेसवार्ता में पूर्व सांसद ने कहा कि प्रदेश की कानून व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। सरकार के लोगों और पुलिस महानिदेशक की संदिग्ध मिलीभगत के कारण राज्य में निरंतर अपराध बढ़ रहे हैं। भ्रष्टाचार भी अधिक हो रहा है। महिलाएं और बेटियां अब भाजपा राज में सुरक्षित नहीं रह गईं हैं। उन्होंने पुलिस महानिदेशक की भूमिका पर भी सवाल उठाए।
कहा कि राज्य में राजस्व पुलिस को बदलना जरूरी है। अगर राजस्व उपनिरीक्षक अंकिता के पिता की तहरीर पर गुमशुदगी रिपोर्ट जल्दी दर्ज कर लेती तो शायद अंकिता बच सकती थी। घटनास्थल से सबूत मिटाने से स्पष्ट होता है कि सरकार आरोपी पुलकित को बचाना चाह रही है। प्रेसवार्ता के दौरान ब्लॉक प्रमुख हीरा रावत, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष गोपाल देव, वरिष्ठ कांग्रेस नेता त्रिभुवन शर्मा आदि मौजूद थे।