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Almora News: भतरौंजखान में कूड़ादान होने के बावजूद खुले में जा रहा कूड़ा
Sat, 06 Dec 2025 11:25 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Updated Sat, 06 Dec 2025 11:25 PM IST
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भतरौंजखन- बेतालघाट सड़क किनारें लगा कूड़े का अंबार।
भतरौंजखान/अल्मोड़ा। भतरौंजखान में सड़क पर कूड़ादान स्थापित होने के बाद भी खुले में कूड़ा फेंका जा रहा। सड़क किनारे बिखरे कूड़े के ढेर पर बंदरों का झुंड भोजन की तलाश में पहुंच रहा है। ये कटखने बंदर आवाजाही के दौरान कई स्कूली बच्चों पर हमला कर चुके हैं। लंबे समय बाद भी कूड़ा निस्तारण नहीं यहां के व्यापारियों को आक्रोश बढ़ने लगा है।
भतरौंजखान- रानीखेत सड़क पर कूड़ादान होने के बावजूद खुले में कूड़ा डाला जा रहा है। व्यापार संघ के अध्यक्ष प्रदीप पंत ने बताया कि करीब 25 हजार रुपये से रानीखेत सड़क किनारे कूड़ादान स्थापित किया गया। लेकिन कूड़ादान खाली है और सड़क किनारे कूड़ा बिखरा है। पूर्व प्रधान च्यूनी गोपाल दत्त नैनवाल ने कहा कि बारिश के दौरान कूड़ा वर्षा जल स्रोतों तक पहुंच कर पानी को दूषित कर रहा है, इससे ग्रामीणों के संक्रमित बीमारियों की चपेट में आने का खतरा बना हुआ है।
भतरौंजखान- बेतालघाट सड़क पर स्थानीय लोगों की मांग के बाद भी कूड़ादान स्थापित नहीं हो सका है। ऐसे में सड़क किनारे कूड़े का ढेर लगा हुआ है। भोजन की तलाश में कूड़े के समीप बंदरों का झुंड जमा रहता है। कई बार कटखने बंदर छात्र- छात्राओं पर हमला कर चुके हैं।
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राजस्व कर निरीक्षक, धर्मेंद्र रावत ने बताया कि खुले में बिखरे कूड़े को जल्द डंपिंग जोन भेजा जाएगा। इसके साथ ही क्षेत्र में एक पर्यावरण मित्र की तैनाती की जाएगी। लोगों से अपील है कि कूूड़ा कूड़ेदान में ही डालें।
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भतरौंजखान- रानीखेत सड़क पर कूड़ादान होने के बावजूद खुले में कूड़ा डाला जा रहा है। व्यापार संघ के अध्यक्ष प्रदीप पंत ने बताया कि करीब 25 हजार रुपये से रानीखेत सड़क किनारे कूड़ादान स्थापित किया गया। लेकिन कूड़ादान खाली है और सड़क किनारे कूड़ा बिखरा है। पूर्व प्रधान च्यूनी गोपाल दत्त नैनवाल ने कहा कि बारिश के दौरान कूड़ा वर्षा जल स्रोतों तक पहुंच कर पानी को दूषित कर रहा है, इससे ग्रामीणों के संक्रमित बीमारियों की चपेट में आने का खतरा बना हुआ है।
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भतरौंजखान- बेतालघाट सड़क पर स्थानीय लोगों की मांग के बाद भी कूड़ादान स्थापित नहीं हो सका है। ऐसे में सड़क किनारे कूड़े का ढेर लगा हुआ है। भोजन की तलाश में कूड़े के समीप बंदरों का झुंड जमा रहता है। कई बार कटखने बंदर छात्र- छात्राओं पर हमला कर चुके हैं।
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राजस्व कर निरीक्षक, धर्मेंद्र रावत ने बताया कि खुले में बिखरे कूड़े को जल्द डंपिंग जोन भेजा जाएगा। इसके साथ ही क्षेत्र में एक पर्यावरण मित्र की तैनाती की जाएगी। लोगों से अपील है कि कूूड़ा कूड़ेदान में ही डालें।