गरुड़/बागेश्वर। डीएम विनीत कुमार ने सोमवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और संस्थागत क्वारंटीन सेंटर बैजनाथ का निरीक्षण किया। बताया कि कोरोना संक्रमण रोकने के लिए नौघर, बिमौला कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है जबकि गरुड़ बना बफर क्षेत्र बनाया गया है। इसलिए उन्होंने संबंधित क्षेत्रों का निरीक्षण कर वहां जरूरी तैयारी एवं व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
दो दिन पहले गरुड़ में 30 बिहारी मजदूर कोरोना संक्रमित मिले थे। इसलिए डीएम ने अल्मियां बिल्डिंग नौघर एवं बिमौला गांव को कंटेनमेंट जोन घोषित है। इन क्षेत्रों को दो सेक्टरों में बांटा गया है। सेक्टर एक में कैलाश सिंह अल्मियां भवन एवं दुकान नौघर गरुड़ पुल से करीब 100 मीटर बागेश्वर मोटर मार्ग तक करीब 30 भवन शामिल हैं जबकि सेक्टर दो में मंगल राम का मकान बिमौला से 150 मीटर लंबे मार्ग तक करीब 30 भवन हैं। बफर क्षेत्र की सीमा बैजनाथ तिराहे से पंजास तिराहे तक है, जिसमें सिल्ली, पाये, दर्शानी, टानीखेत, स्याल्दे, बयालिसेरा, फुलवाड़ीगूंठ, भकुनखोला, नौघर, गढ़सेर राजस्व ग्राम शामिल हैं, जिसमें प्रभावित परिवारों की संख्या 800 है। डीएम ने सीएमओ डॉ. बीडी जोशी से कहा कि क्षेत्र में संक्रमण रोकने के लिए वहां रहने वाले सभी व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण कर सभी के सैंपल लें। इसके लिए स्वास्थ्य टीमों का गठन कर जरूरी संसाधन जुटाएं। पुलिस से कहा कि क्षेत्र में बैरिकेटिंग करा संक्रमित व्यक्तियों के संपर्क में रहने वालों का पता लगाएं। उन्होंने एसडीएम को निर्देश दिये कि क्षेत्र में घूमकर शांति व्यवस्था बनाये रखने और वहां आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति आवश्यकतानुसार पूर्ति विभाग से कराने के निर्देश दिये। डीएम ने सीएचसी बैजनाथ का निरीक्षण कर सीएमओ डॉ. बीडी जोशी से जरूरी स्वास्थ्य सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। कहा कि सीएससी में सभी जरूरी संसाधन जुटाए जाएं। डीएम ने संस्थागत क्वारंटीन सेंटर का भी निरीक्षण के दौरान वहां की व्यवस्थाओं और बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण के भी निर्देश दिये। कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण भारत सरकार एवं राज्य सरकार से जारी निर्देशों का सख्ती से अनुपालन किया जाए। इस दौरान सीडीओ डीडी पंत, सीओ महेश जोशी, एसडीएम गरुड़/कांडा योगेंद्र सिंह, बागेश्वर राकेश चंद्र तिवारी, डीएसओ अरुण कुमार वर्मा, प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. सीएस गुंज्याल, तहसीलदार नवाजिश खलीक आदि थे।