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न्यायालय ने पाक्सो एक्ट में आरोपी को किया दोषमुक्त
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अल्मोड़ा। नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में विशेष सत्र न्यायाधीश प्रदीप पंत की अदालत ने आरोपी इंद्र कुमार निवासी मासी (चौखुटिया) को धारा 376 और 3/4 पॉक्सो अधिनियम में दोषमुक्त कर दिया है। गिरफ्तारी के बाद से आरोपी अब तक जिला कारागार में था।
पीड़िता के पिता ने चौखुटिया थाने में दर्ज कराई प्राथमिकी में इंद्र कुमार पर आरोप लगाया था कि तीन अक्तूबर 2018 से फरवरी 2019 तक वह नाबालिग पुत्री के साथ दुष्कर्म करता रहा। बाद में पीड़िता गर्भवती हो गई, जिसका देहरादून जाकर गर्भपात कराया गया। आरोपी ने नाबालिग को जान से मारने की धमकी भी दी थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जिला कारागार भेज दिया था। मामले की विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया गया। इस मामले का विचारण विशेष सत्र न्यायाधीश अल्मोड़ा के न्यायालय में हुआ। अभियोजन की ओर से12 गवाह न्यायालय में पेश किए गए। बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता दीवान सिंह बिष्ट और भगवती पंत ने प्रभावी पैरवी की। बचाव पक्ष की ओर से न्यायालय में एक गवाह पेश किया गया। विशेष सत्र न्यायाधीश ने पत्रावली पर मौजूद मौखिक और दस्तावेजी साक्ष्यों को परखा। न्यायालय ने आरोपी को धारा 376 और 3/4 पॉक्सो एक्ट में दोषमुक्त कर दिया है।
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पीड़िता के पिता ने चौखुटिया थाने में दर्ज कराई प्राथमिकी में इंद्र कुमार पर आरोप लगाया था कि तीन अक्तूबर 2018 से फरवरी 2019 तक वह नाबालिग पुत्री के साथ दुष्कर्म करता रहा। बाद में पीड़िता गर्भवती हो गई, जिसका देहरादून जाकर गर्भपात कराया गया। आरोपी ने नाबालिग को जान से मारने की धमकी भी दी थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जिला कारागार भेज दिया था। मामले की विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया गया। इस मामले का विचारण विशेष सत्र न्यायाधीश अल्मोड़ा के न्यायालय में हुआ। अभियोजन की ओर से12 गवाह न्यायालय में पेश किए गए। बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता दीवान सिंह बिष्ट और भगवती पंत ने प्रभावी पैरवी की। बचाव पक्ष की ओर से न्यायालय में एक गवाह पेश किया गया। विशेष सत्र न्यायाधीश ने पत्रावली पर मौजूद मौखिक और दस्तावेजी साक्ष्यों को परखा। न्यायालय ने आरोपी को धारा 376 और 3/4 पॉक्सो एक्ट में दोषमुक्त कर दिया है।
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