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Almora News: सुविधाओं के शोर के बीच पटवारी चौकियों में ढाई दशक से सन्नाटा
Wed, 14 May 2025 11:19 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Updated Wed, 14 May 2025 11:19 PM IST
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स्याल्दे (अल्मोड़ा)। करीब ढाई दशक पहले लाखों रुपये से स्याल्दे तहसील अंतर्गत 20 पटवारी चौकियां बनीं। मगर इनमें से सिर्फ तीन चौकियां आबाद हैं, बांकी 17 वीरान पड़ी हैं। अब तो इनके भवन भी जर्जर हो चुके हैं। जनसुविधा के लिए गांवों के करीब बनीं ये चौकियां शोपीस होकर रह गईं हैं और ग्रामीणों को ार्यों के लिए तहसील मुख्यालय के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
तहसील के विभिन्न राजस्व पुलिस क्षेत्रों में पटवारी चौकियां तो बनींं, मगर चौकियों के भवन खस्ताहाल हो चुके हैं, इनका सदुपयोग नहीं हो सका। 20 में से 17 चौकियां ऐसी हैं, जहां आज तक राजस्व उप निरीक्षक नहीं बैठे और ग्रामीणों को अपना दुखड़ा सुनाने और संबंधित कार्यों के लिए 25 से 30 किमी दूर तहसील मुख्यालय स्याल्दे या देघाट ही आना पड़ रहा है।17 चौकियों में राजस्व उप निरीक्षक नहीं बैठने की वजह व्यवस्था की कमी बताई जा रही है। कई चौकियों के भवन तो बने, मगर न तो बिजली नहीं दी। संवाद
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तहसील के विभिन्न राजस्व पुलिस क्षेत्रों में पटवारी चौकियां तो बनींं, मगर चौकियों के भवन खस्ताहाल हो चुके हैं, इनका सदुपयोग नहीं हो सका। 20 में से 17 चौकियां ऐसी हैं, जहां आज तक राजस्व उप निरीक्षक नहीं बैठे और ग्रामीणों को अपना दुखड़ा सुनाने और संबंधित कार्यों के लिए 25 से 30 किमी दूर तहसील मुख्यालय स्याल्दे या देघाट ही आना पड़ रहा है।17 चौकियों में राजस्व उप निरीक्षक नहीं बैठने की वजह व्यवस्था की कमी बताई जा रही है। कई चौकियों के भवन तो बने, मगर न तो बिजली नहीं दी। संवाद
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