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कलक्ट्रेट में धरना प्रदर्शन पर रोक से संगठन भड़के
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, अल्मोड़ा।
Updated Tue, 16 Aug 2016 11:37 PM IST
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ज्ञापन देते उपपा कार्यकर्ता।
- फोटो : अमर उजाला
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उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी के कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट परिसर को साइलेंट जोन घोषित कर धरना, प्रदर्शन आदि प्रतिबंधित करने के निर्णय का विरोध किया है। कार्यकर्ताओं ने एडीएम को ज्ञापन देकर धरना, प्रदर्शन आदि पर लगाया गया प्रतिबंध शीघ्र हटाने की मांग की है।
ज्ञापन में कहा गया है कि अल्मोड़ा कलक्ट्रेट परिसर चंद राजाओं के समय से सामाजिक, राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र रहा है। राज्य आंदोलन के दौरान जनता ने कलक्ट्रेट में बैठकर धरना प्रदर्शन किया। जिलाधिकारी और जिला प्रशासन के अधिकारियों के कार्यालय इसी परिसर में है। इसलिए न्याय की मांग करने वाले जन समूहों का यहीं आकर अपनी-अपनी बात कहना, ज्ञापन भेजना उसे शासन प्रशासन के सामने लाना मजबूरी है। कुछ दिन पूर्व जिला मजिस्ट्रेट की ओर से इस क्षेत्र को साइलेंट जोन घोषित कर परिसर के 100 मीटर परिधि तक धरना, प्रदर्शन तक रोक लगा दी गई है। इससे तमाम संगठनों में जबरदस्त रोष व्याप्त है।
उन्होंने अल्मोड़ा कलक्ट्रेट समेत जिले के सभी कार्य पालिका, मजिस्ट्रेट, तहसीलदारों के कार्यालयों को साइलेंट जोन घोषित करने के निर्णय को वापस लेने की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में उपपा के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी, केंद्रीय सचिव अमीनुरर्हमान, आनंदी वर्मा, रेखा धस्माना, राजू गिरी, ललित चौधरी, उक्रांद युवा जिलाध्यक्ष शिवराज बनौला, अनूप तिवारी, देवेंद्र कुमार आदि शामिल हैं।
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ज्ञापन में कहा गया है कि अल्मोड़ा कलक्ट्रेट परिसर चंद राजाओं के समय से सामाजिक, राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र रहा है। राज्य आंदोलन के दौरान जनता ने कलक्ट्रेट में बैठकर धरना प्रदर्शन किया। जिलाधिकारी और जिला प्रशासन के अधिकारियों के कार्यालय इसी परिसर में है। इसलिए न्याय की मांग करने वाले जन समूहों का यहीं आकर अपनी-अपनी बात कहना, ज्ञापन भेजना उसे शासन प्रशासन के सामने लाना मजबूरी है। कुछ दिन पूर्व जिला मजिस्ट्रेट की ओर से इस क्षेत्र को साइलेंट जोन घोषित कर परिसर के 100 मीटर परिधि तक धरना, प्रदर्शन तक रोक लगा दी गई है। इससे तमाम संगठनों में जबरदस्त रोष व्याप्त है।
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उन्होंने अल्मोड़ा कलक्ट्रेट समेत जिले के सभी कार्य पालिका, मजिस्ट्रेट, तहसीलदारों के कार्यालयों को साइलेंट जोन घोषित करने के निर्णय को वापस लेने की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में उपपा के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी, केंद्रीय सचिव अमीनुरर्हमान, आनंदी वर्मा, रेखा धस्माना, राजू गिरी, ललित चौधरी, उक्रांद युवा जिलाध्यक्ष शिवराज बनौला, अनूप तिवारी, देवेंद्र कुमार आदि शामिल हैं।
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