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बंद पड़ी नहरों को सिंचाई विभाग जल्द दुरुस्त कराए
Updated Wed, 30 Aug 2017 11:28 PM IST
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अल्मोड़ा। जिलाधिकारी ईवा आशीष श्रीवास्तव ने सिंचाई विभाग को बंद पड़ी नहरों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नहरों का रखरखाव कार्य मनरेगा के माध्यम से करना सुनिश्चित करें। डीएम सिंचाई विभाग के कार्यों की समीक्षा कर रही थीं।
उन्होंने कहा कि जल संरक्षण और संवर्धन के कार्यों को सिंचाई विभाग के अधिकारी प्राथमिकता से करें।
कोसी बैराज में जो अन्य कार्य शेष हैं उनको चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। सिंचाई विभाग के अधिकारियों से कहा जहां पर जलाशय या बैराज बनाए जाने हैं वहां पर ध्यान रखा जाए कि समीपस्थ क्षेत्रों के लोगों को उसका लाभ मिलेगा, ताकि जल संवर्धन के कार्यों को भी बढ़ावा मिले।
डीएम ने प्रधानमंत्री सिंचाई योजना के कार्यों में तेजी लाने को कहा। जिला योजना, रास्य सेक्टर योजना भी जानकारी ली। निर्देश दिए कि एक विस्तृत कार्ययोजना सिंचाई विभाग बनाए। मनरेगा के तहत कराए जाने वाले कार्यों को अधिक से अधिक संख्या में कराने को कहा। उन्होंने कहा कि वह मौके पर जाकर योजनाओं का निरीक्षण करेंगी। योजनाओं का लाभ काश्तकारों को अधिक से अधिक मिलना चाहिए। मलबे से बंद पड़ी नहरों का संयुक्त निरीक्षण कराने को कहा, ताकि उनको चालू किया जा सके। डीएम ने लघु सिंचाई, लघु डाल के कार्यों की भी समीक्षा की। बैठक में सिंचाई और लघु डाल विभाग के अधिकारी मौजूद थे।
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उन्होंने कहा कि जल संरक्षण और संवर्धन के कार्यों को सिंचाई विभाग के अधिकारी प्राथमिकता से करें।
कोसी बैराज में जो अन्य कार्य शेष हैं उनको चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। सिंचाई विभाग के अधिकारियों से कहा जहां पर जलाशय या बैराज बनाए जाने हैं वहां पर ध्यान रखा जाए कि समीपस्थ क्षेत्रों के लोगों को उसका लाभ मिलेगा, ताकि जल संवर्धन के कार्यों को भी बढ़ावा मिले।
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डीएम ने प्रधानमंत्री सिंचाई योजना के कार्यों में तेजी लाने को कहा। जिला योजना, रास्य सेक्टर योजना भी जानकारी ली। निर्देश दिए कि एक विस्तृत कार्ययोजना सिंचाई विभाग बनाए। मनरेगा के तहत कराए जाने वाले कार्यों को अधिक से अधिक संख्या में कराने को कहा। उन्होंने कहा कि वह मौके पर जाकर योजनाओं का निरीक्षण करेंगी। योजनाओं का लाभ काश्तकारों को अधिक से अधिक मिलना चाहिए। मलबे से बंद पड़ी नहरों का संयुक्त निरीक्षण कराने को कहा, ताकि उनको चालू किया जा सके। डीएम ने लघु सिंचाई, लघु डाल के कार्यों की भी समीक्षा की। बैठक में सिंचाई और लघु डाल विभाग के अधिकारी मौजूद थे।
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