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कम्प्यूटर नहीं अभी हाथ से लिखी पर्चियां दे रहे डाक्टर
Updated Sun, 16 Sep 2018 11:35 PM IST
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अल्मोड़ा। उत्तराखंड उच्च न्यायालय के आदेश के बाद जिले के अस्पतालों में फिलहाल अभी डॉक्टरों द्वारा मरीजों को हाथ से लिखीं पर्चियां ही दी जा रही हैं। मालूम हो कि शुक्रवार 14 अगस्त को एक याचिका की सुनवाई पर उत्तराखंड हाईकोर्ट ने जेनरिक दवाइयों को अनिवार्य रूप से लिखने के आदेश पर छूट देने से इंकार कर दिया था।
इसके अलावा कोर्ट ने डॉक्टरों को दवा लिखने के लिए कंप्यूटर की व्यवस्था करने और प्रिंटर से निकलने वाली पर्ची मुहैया कराने के आदेश जारी किए हैं। साथ में डॉक्टरों द्वारा मरीज को दी जाने वाली दवा की पर्ची में दवा का नाम अंग्रेजी के कैपिटल लैटर में साफ-साफ लिखने के भी निर्देश दिए हैं। ताकि मरीज और तीमारदार को दवा की साफतौर पर जानकारी मिल सके। इधर प्रभारी सीएमओ एके सिंह ने बताया कि उच्च न्यायालय के आदेश के संबंध में शासन की ओर से अभी कोई निर्देश जारी नहीं हुआ है। आदेेश जारी होने के बाद इसे लागू कर दिया जाएगा।
इसके अलावा कोर्ट ने डॉक्टरों को दवा लिखने के लिए कंप्यूटर की व्यवस्था करने और प्रिंटर से निकलने वाली पर्ची मुहैया कराने के आदेश जारी किए हैं। साथ में डॉक्टरों द्वारा मरीज को दी जाने वाली दवा की पर्ची में दवा का नाम अंग्रेजी के कैपिटल लैटर में साफ-साफ लिखने के भी निर्देश दिए हैं। ताकि मरीज और तीमारदार को दवा की साफतौर पर जानकारी मिल सके। इधर प्रभारी सीएमओ एके सिंह ने बताया कि उच्च न्यायालय के आदेश के संबंध में शासन की ओर से अभी कोई निर्देश जारी नहीं हुआ है। आदेेश जारी होने के बाद इसे लागू कर दिया जाएगा।
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