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धीमी गति से चल रहा कोसी नदी में इंटेकवैल का कार्य
Updated Mon, 22 Jan 2018 10:47 PM IST
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water rates hike
अल्मोड़ा। कोसी नदी में बैराज के निकट 10.87 करोड़ की लागत से इंटेकवेल का निर्माण धीमी गति से चल रहा है यदि जल्द काम पूरा नहीं हुआ तो गरमी के सीजन में शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों के लोगों को गंभीर पेयजल संकट से जूझना पड़ेगा।
अल्मोड़ा शहर में पानी की आपूर्ति कोसी नदी से होती है। नगर की पेयजल आपूर्ति के लिए कोसी नदी में बैराज भी बनाया गया है, लेकिन शहर को पानी की आपूर्ति करने वाले पंप काफी पुराने हो गए हैं। शहर को 18 एमएलडी पानी की जरूरत है, लेकिन बूढ़े पंपों के सहारे मात्र आठ एमएलडी पानी की ही आपूर्ति हो पाती है। इस कारण शहर और आसपास के इलाके को लोगों को खासकर गरमी के सीजन में गंभीर पेयजल संकट से जूझना पड़ता है।
शासन ने शहर की पेयजल आपूर्ति को दुरुस्त करने के लिए कोसी नदी में इंटकवेल बनाने और कोसी नदी से मटेला पंप हाउस तक नई लाइन बिछाने के लिए 10.87 करोड़ रुपये स्वीकृत किए थे। योजना के तहत कोसी नदी में इंटेकवैल में छह पंप लगने हैं। इंटेकवेल बनाने से पूर्व कोसी बैराज को खाली किया गया और अक्तूबर से इंटेकवेल का निर्माण कार्य शुरू हुआ।
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निर्माण शाखा उत्तराखंड पेयजल निगम द्वारा 10.87 करोड़ की लागत से कोसी नदी में इंटकवेल का निर्माण कार्य किया जा रहा है। शासन से अब तक विभाग को 2.5 करोड रुपये जारी हुए हैं और कार्य प्रगति पर है। यदि मार्च-अप्रैल तक इंटेकवेल का काम पूरा नहीं हुआ तो गरमी में नगर और आसपास के लोगों को गंभीर पेयजल संकट का सामना करना पड़ेगा।
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अल्मोड़ा शहर में पानी की आपूर्ति कोसी नदी से होती है। नगर की पेयजल आपूर्ति के लिए कोसी नदी में बैराज भी बनाया गया है, लेकिन शहर को पानी की आपूर्ति करने वाले पंप काफी पुराने हो गए हैं। शहर को 18 एमएलडी पानी की जरूरत है, लेकिन बूढ़े पंपों के सहारे मात्र आठ एमएलडी पानी की ही आपूर्ति हो पाती है। इस कारण शहर और आसपास के इलाके को लोगों को खासकर गरमी के सीजन में गंभीर पेयजल संकट से जूझना पड़ता है।
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शासन ने शहर की पेयजल आपूर्ति को दुरुस्त करने के लिए कोसी नदी में इंटकवेल बनाने और कोसी नदी से मटेला पंप हाउस तक नई लाइन बिछाने के लिए 10.87 करोड़ रुपये स्वीकृत किए थे। योजना के तहत कोसी नदी में इंटेकवैल में छह पंप लगने हैं। इंटेकवेल बनाने से पूर्व कोसी बैराज को खाली किया गया और अक्तूबर से इंटेकवेल का निर्माण कार्य शुरू हुआ।
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निर्माण शाखा उत्तराखंड पेयजल निगम द्वारा 10.87 करोड़ की लागत से कोसी नदी में इंटकवेल का निर्माण कार्य किया जा रहा है। शासन से अब तक विभाग को 2.5 करोड रुपये जारी हुए हैं और कार्य प्रगति पर है। यदि मार्च-अप्रैल तक इंटेकवेल का काम पूरा नहीं हुआ तो गरमी में नगर और आसपास के लोगों को गंभीर पेयजल संकट का सामना करना पड़ेगा।