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गगास नदी में बैराज बनने से रानीखेत और द्वाराहाट के लोगों को होगा फायदा
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रानीखेत/द्वाराहाट। बहुप्रतीक्षित गगास नदी पर बैराज के लिए आज विधानसभा में 35 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त हो गई है। बैराज बने से रानीखेत और द्वाराहाट दोनों क्षेत्रों मे जहां पेयजल आपूर्ति सुचारु होगी वहीं, सिंचाई के लिए भी बैराज मील का पत्थर साबित होगा। बजट सत्र में बैराज के लिए 35 करोड़ रुपये अवमुक्त होने से क्षेत्रवासियों में खुशी की लहर है।
दरअसल गगास नदी से रानीखेत क्षेत्र की 32 ग्रामसभाओं के लिए पेयजल पंपिंग योजना 1970 में बन चुकी है। लेकिन योजना का पुनर्गठन नहीं होने से आए दिन दिक्कतें होती हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में हर तीसरे दिन आपूर्ति की जाती है। अब बैराज बनने से रानीखेत और द्वाराहाट क्षेत्र के ग्रामीणों को लाभ मिलेगा। दरअसल सब्जी बाहुल्य इन क्षेत्रों में सिंचाई की भी दिक्कत है। इधर बैराज निर्माण के लिए बजट सत्र में आज एकमुश्त 35 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त हो चुकी है। इधर अब बैराज बनने से रानीखेत क्षेत्र के ग्रामीणों को अधिक लाभ मिलेगा। इन ग्रामसभाओं में अब पेयजल आपूर्ति सुचारु हो सकेगी।
दरअसल गगास नदी से रानीखेत क्षेत्र की 32 ग्रामसभाओं के लिए पेयजल पंपिंग योजना 1970 में बन चुकी है। लेकिन योजना का पुनर्गठन नहीं होने से आए दिन दिक्कतें होती हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में हर तीसरे दिन आपूर्ति की जाती है। अब बैराज बनने से रानीखेत और द्वाराहाट क्षेत्र के ग्रामीणों को लाभ मिलेगा। दरअसल सब्जी बाहुल्य इन क्षेत्रों में सिंचाई की भी दिक्कत है। इधर बैराज निर्माण के लिए बजट सत्र में आज एकमुश्त 35 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त हो चुकी है। इधर अब बैराज बनने से रानीखेत क्षेत्र के ग्रामीणों को अधिक लाभ मिलेगा। इन ग्रामसभाओं में अब पेयजल आपूर्ति सुचारु हो सकेगी।
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