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नगर पंचायत के लिए प्रशासक नियुक्त करने की मांग
Updated Thu, 21 Dec 2017 10:57 PM IST
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चौखुटिया (अल्मोड़ा)। शासनादेश जारी होने के बावजूद नगर पंचायत के गठन में हो रही देरी से स्थानीय दुकानदारों और अन्य लोगों में रोष है। गुस्साए दुकानदारों और अन्य लोगों ने बृहस्पतिवार को तहसील मुख्यालय में नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। बाद में सीएम को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। इसमें जल्द से जल्द नगर पंचायत को अस्तित्व में लाने और प्रशासक नियुक्त करने की मांग की गई है।
नगर पंचायत के गठन का शासनादेश दो माह पूर्व जारी हो चुका है, लेकिन यह अब तक अस्तित्व में नहीं आ पाई है। बृहस्पतिवार को स्थानीय दुकानदारों और अन्य लोगों ने अतिथि विश्राम गृह में बैठक करने के बाद तहसील पहुंचकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा।
इसमें कहा गया है कि यदि संभव हो तो भौगोलिक दृष्टिकोण से ग्राम पंचायत बाखली को नगर पंचायत से अलग करने पर विचार किया जाए। वक्ताओं ने कहा कि जिस ग्राम पंचायतों के लोग नगर पंचायत में शामिल होना नहीं चाहते, उन्हें इसके लिए जबरन बाध्य न किया जाए।
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कहा गया कि नगर पंचायत का समर्थन करने वालों का मकसद किसी को ठेस पहुंचाना नही है। बाद में मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की गई।
ज्ञापन सौंपने वालों में पूरन सिंह संगेला, डॉ. कुलदीप सिंह बिष्ट, एनडी मठपाल, विष्णु दत्त उपाध्याय, गणेश पांडे, इंदर सिंह अटवाल, राजेंद्र कांडपाल, गंगा सिंह रावत, राजेश अग्रवाल, मनोहर तिवारी, पृथ्वीपाल जोशी, परमानंद सती, महेश अटवाल, कैलाश पांडे, किसन संगेला, गिरधर खत्री, खीम सिंह, पप्पू बौरा, इंदर बौरा, तरुण रौतांण, दिनेश बिष्ट, आनंद हर्बोला, मनीष जोशी, केवल रावत, प्रकाश सिंह आदि थे।
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नगर पंचायत के गठन का शासनादेश दो माह पूर्व जारी हो चुका है, लेकिन यह अब तक अस्तित्व में नहीं आ पाई है। बृहस्पतिवार को स्थानीय दुकानदारों और अन्य लोगों ने अतिथि विश्राम गृह में बैठक करने के बाद तहसील पहुंचकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा।
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इसमें कहा गया है कि यदि संभव हो तो भौगोलिक दृष्टिकोण से ग्राम पंचायत बाखली को नगर पंचायत से अलग करने पर विचार किया जाए। वक्ताओं ने कहा कि जिस ग्राम पंचायतों के लोग नगर पंचायत में शामिल होना नहीं चाहते, उन्हें इसके लिए जबरन बाध्य न किया जाए।
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कहा गया कि नगर पंचायत का समर्थन करने वालों का मकसद किसी को ठेस पहुंचाना नही है। बाद में मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की गई।
ज्ञापन सौंपने वालों में पूरन सिंह संगेला, डॉ. कुलदीप सिंह बिष्ट, एनडी मठपाल, विष्णु दत्त उपाध्याय, गणेश पांडे, इंदर सिंह अटवाल, राजेंद्र कांडपाल, गंगा सिंह रावत, राजेश अग्रवाल, मनोहर तिवारी, पृथ्वीपाल जोशी, परमानंद सती, महेश अटवाल, कैलाश पांडे, किसन संगेला, गिरधर खत्री, खीम सिंह, पप्पू बौरा, इंदर बौरा, तरुण रौतांण, दिनेश बिष्ट, आनंद हर्बोला, मनीष जोशी, केवल रावत, प्रकाश सिंह आदि थे।