{"_id":"5b8988d742c79246452e0147","slug":"171535740119-almora-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आल्पस फैक्ट्री कर्मचारियों ने दिया धरना, मांगों को लेकर नारेबाजी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आल्पस फैक्ट्री कर्मचारियों ने दिया धरना, मांगों को लेकर नारेबाजी
Updated Fri, 31 Aug 2018 11:58 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
अल्मोड़ा। अल्मोड़ा के पातालदेवी में स्थित प्रसिद्ध दवा फैक्ट्री आल्पस फार्मास्यूटिकल्स की स्थिति खराब होती जा रही है। बताया गया है कि इस उद्योग में काम करने वाले करीब 140 कर्मचारियों को पिछले तीन-चार माह से वेतन नहीं मिला है। इसे लेकर कर्मचारियों ने फैक्ट्री के गेट पर धरना दिया और नारेबाजी की। कर्मचारियों का कहना है कि कंपनी के प्रबंध निदेशक पिछले करीब डेढ़ माह से फैक्ट्री में नहीं आ रहे हैं और कर्मचारियों की समस्या सुनने वाला कोई नहीं है।
बता दें कि अल्मोड़ा की आल्पस दवा कंपनी काफी पुरानी है। कुछ साल पहले इस उद्योग में 300 से अधिक कर्मचारी काम करते थे लेकिन प्रबंधन के विवादों के चलते पिछले एक-दो साल से इस कंपनी की हालत खराब होती जा रही है। कुछ समय से फैक्ट्री में नाम मात्र का उत्पादन हो रहा है और कर्मचारियों को तीन-चार माह से वेतन नहीं मिला है। जिससे नाराज कर्मचारियों ने शुक्रवार को फैक्ट्री के गेट में धरना दिया और मांगों को लेकर नारेबाजी की। कर्मचारियों का कहना है कि चार माह से वेतन नहीं मिलने के कारण उनके परिवारों का आर्थिक संकट काफी गहरा गया है।
उन्होंने यह भी बताया कि प्रबंधन ने पिछले डेढ़ साल से कर्मचारियों का ईपीएफ भी जमा नहीं कराया गया है। कर्मचारियों ने बताया कि कंपनी के प्रबंध निदेशक भी पिछले करीब डेढ़ माह से गायब हैं जिससे कर्मचारी अपने भविष्य के प्रति आशंकित हो चुके हैं। उन्होंने प्रशासन से हस्तक्षेप करके कर्मचारियों के वेतन का भुगतान दिलाने की मांग की। कर्मचारियों ने कहा कि वेतन का भुगतान नहीं होने पर वह आगे भी धरना प्रदर्शन जारी रखेंगे।
बता दें कि अल्मोड़ा की आल्पस दवा कंपनी काफी पुरानी है। कुछ साल पहले इस उद्योग में 300 से अधिक कर्मचारी काम करते थे लेकिन प्रबंधन के विवादों के चलते पिछले एक-दो साल से इस कंपनी की हालत खराब होती जा रही है। कुछ समय से फैक्ट्री में नाम मात्र का उत्पादन हो रहा है और कर्मचारियों को तीन-चार माह से वेतन नहीं मिला है। जिससे नाराज कर्मचारियों ने शुक्रवार को फैक्ट्री के गेट में धरना दिया और मांगों को लेकर नारेबाजी की। कर्मचारियों का कहना है कि चार माह से वेतन नहीं मिलने के कारण उनके परिवारों का आर्थिक संकट काफी गहरा गया है।
विज्ञापन
उन्होंने यह भी बताया कि प्रबंधन ने पिछले डेढ़ साल से कर्मचारियों का ईपीएफ भी जमा नहीं कराया गया है। कर्मचारियों ने बताया कि कंपनी के प्रबंध निदेशक भी पिछले करीब डेढ़ माह से गायब हैं जिससे कर्मचारी अपने भविष्य के प्रति आशंकित हो चुके हैं। उन्होंने प्रशासन से हस्तक्षेप करके कर्मचारियों के वेतन का भुगतान दिलाने की मांग की। कर्मचारियों ने कहा कि वेतन का भुगतान नहीं होने पर वह आगे भी धरना प्रदर्शन जारी रखेंगे।
विज्ञापन