आरटीई: अंतिम मौका समाप्त...8625 छात्रों को प्रवेश मिलेगा, देखें पांच साल के आंकड़े; गरीब-वंचित वर्गों को राहत
Varanasi News: वाराणसी के 1582 निजी विद्यालयों में आरटीई के तहत तीन चरणों में दाखिला प्रक्रिया पूरी हुई। कुल 19,857 आवेदनों में से सत्यापन के बाद 8,625 बच्चों को 2026-27 सत्र में निःशुल्क प्रवेश मिलेगा। कक्षा एक में 25 प्रतिशत सीटें वंचित वर्ग के लिए आरक्षित हैं, बीएसए अनुराग श्रीवास्तव ने जानकारी दी।
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RTE Admission: वाराणसी जिले के 1582 निजी विद्यालयों में शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत गरीब और वंचित वर्ग के बच्चों के मुफ्त दाखिले की प्रक्रिया पूरी हो गई। तीन चरण में पूरी हुई इस प्रक्रिया में इस सत्र में कुल 8625 बच्चों को प्रवेश मिलेगा।
इस बार आरटीई के तहत जिले में तीनों चरणों मं 19857 आवेदन आए। बीएसए अनुराग श्रीवास्तव ने बताया कि वाराणसी में 1582 निजी विद्यालय बेसिक शिक्षा परिषद के पोर्टल पर पंजीकृत हैं। जहां कक्षा एक में 25 प्रतिशत सीटों पर आरटीई के तहत निशुल्क प्रवेश दिया जाएगा।
बीएसए ने बताया कि आरटीई के तहत पहले चरण में 17,476 आवेदन आए इसमें से सत्यापन के बाद 7140 प्रवेश के लिए पात्र मिले। इसी प्रकार दूसरे चरण में 1702 आवेदन आए। इसमें से 989 को पात्र पाया गया। तीसरे और अंतिम चरण में कुल 679 आवेदन आए थे। इनमें से कुल 496 का चयन प्रवेश के लिए किया गया। 2026-27 के शैक्षणिक सत्र में कुल 8625 छात्रों को प्रवेश दिया जाएगा।
पिछले 5 साल में आरटीई के तहत हुए विद्यार्थियों के प्रवेश
- n 2020-21 - 8522
- n 2021-22 - 4795
- n 2022-23 - 3930
- n 2023-24 - 4452
- n 2024-25 - 5552
- n 2025-26 - 6539
- n 2026-27 - 8625
पढ़ाई के साथ कमाई पहल के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू
काशी विद्यापीठ में पढ़ाई के साथ कमाई के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया। इच्छुक विद्यार्थी ऑनलाइन प्रारंभिक पंजीकरण करा सकते हैं। परिसर स्थित बौद्ध भवन में हर प्रसाद गुप्त इन्क्यूबेशन फाउंडेशन फाउंडेशन के निदेशक प्रो. मोहम्मद आरिफ ने बताया कि पंजीकरण के बाद विद्यार्थियों को अंतिम रजिस्ट्रेशन पूरा करने के लिए विवि परिसर में हर प्रसाद गुप्त इन्क्यूबेशन फाउंडेशन या सेवायोजन/ प्लेसमेंट सेल में आकर प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
कार्यक्रम में भाग लेने के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि 30 अप्रैल निर्धारित की गई है। संचालन करने वाले हैप्पी लाइफ टेक्नोसॉफ्ट के निदेशक संदीप कुमार ने बताया कि विद्यार्थियों को वर्क रेडनेस मॉड्यूल के अंतर्गत प्रशिक्षण दिया जाएगा।