Varanasi News: बेशकीमती है देश की आजादी का महत्व, काशी में बोले- उपमुख्यमंत्री; वीर सपूतों को किया नमन
Varanasi News: यूपी के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कार्यक्रम के दौरान देश के वीर शहीदों को भी याद किया। उनको नमन किया। इस दौरान देश के विभाजन की कहानी पर भी प्रकाश डाला।
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विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के उपलक्ष्य में बुधवार को आर्य महिला पीजी काॅलेज चेतगंज में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में मुख्य अतिथि उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि 14 अगस्त 1947 को देश के विभाजन के दिन दुनिया का सबसे बड़ा विस्थापन हुआ था।
पंजाब, सिंध और पूर्वी बंगाल से बड़ी संख्या में लोगों का पलायन हुआ। बड़ी संख्या में हमारे लोगों का कत्लेआम हुआ था। बहुत बड़ी कीमत चुकाने के बाद हमें आजादी मिली थी। इसलिए हमें आजादी की कीमत समझनी होगी।
संस्कृति विभाग की ओर से विभाजन त्रासदी से संबंधित अभिलेख प्रदर्शनी का उप मुख्यमंत्री ने फीता काटकर शुभारंभ किया। विषय प्रस्तावना भाजपा महानगर अध्यक्ष विद्यासागर राय और धन्यवाद ज्ञापन भाजपा जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा ने किया। संचालन नवीन कपूर ने किया।
कार्यक्रम में महापौर अशोक तिवारी, विधायक एवं पूर्व मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी, विधायक टी. राम, जिला एवं महानगर प्रभारी अरुण पाठक, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्या, एमएलसी धर्मेंद्र राय, जिलाधिकारी एस. राजलिंगम, सीडीओ हिमांशु नागपाल आदि मौजूद रहे।
काशी विद्यापीठ में भी हुआ आयोजन
उधर, काशी विद्यापीठ के ललित कला विभाग में उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से आयोजित भारत-पाकिस्तान विभाजन विभीषिका विषय पर चित्रकला प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। प्रदर्शनी में 50 कलाकृतियां प्रदर्शित की गईं। कुलपति प्रो. आनंद कुमार त्यागी ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया।
विभागाध्यक्ष डॉ. सुनील कुमार विश्वकर्मा, चीफ प्रॉक्टर प्रो. केके सिंह, डीन छात्र कल्याण प्रो. राजेश मिश्र आदि उपस्थित रहे। वहीं, वसंत महिला महाविद्यालय, राजघाट के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र, क्षेत्रीय केंद्र के क्षेत्रीय निदेशक डॉ. अभिजीत दीक्षित ने कहा कि विभाजन की विभीषिका की वेदना अब भी स्मृतियों में ताजा है।
डॉ. प्रेरणा चतुर्वेदी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवकों के संघर्ष को याद किया। डॉ. रेणु द्विवेदी, प्रो. अलका सिंह ने भी विचार रखे। प्रथम पुरस्कार साक्षी सागर और द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कार क्रमशः रेणुका बस्सी एवं प्रतिभा कुमारी ने जीता।