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शैल इको मैराथन प्रतियोगिता में आईआईटी बीएचयू का दबदबा, छात्रों ने बनाई ऐसी कार
Tue, 18 Dec 2018 09:46 PM IST
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न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
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Published by: utpal utpal
Updated Tue, 18 Dec 2018 09:46 PM IST
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छात्रों ने बनाई इलेक्ट्रो प्रोटोटाइप कार,
- फोटो : अमर उजाला
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चेन्नई स्थित मद्रास मोटर रेसिंग ट्रैक में आयोजित शैल इको मैराथन(इंडिया)-18 प्रतियोगिता में आईआईटी बीएचयू की टीम ने उत्कृष्ट प्रदर्शन कर दबदबा बनाया। छह से नौ दिसंबर तक आयोजित प्रतियोगिता में 100 टीमों ने भागीदारी की, जिसमें आईआईटी के सेंटर फॉर एनर्जी एंड रिसोर्स डेवलपमेंट (सीईआरडी) के तहत शोध कार्य कर रहे छात्रों की टीम अवेरेरा ने इलेक्ट्रिक प्रोटोटाइप कार बनाकर तीन श्रेणी में पहला पुरस्कार जीता।
आईआईटी बीएचयू की टीम ने तीन अलग-अलग श्रेणियों में आठ लाख का पुरस्कार जीता। छात्रों ने बिजली से चलने वाली जो कार बनाई है, उसमें एक किलोवॉट प्रति घंटे की ऊर्जा से 362.5 किलोमीटर की क्षमता का प्रदर्शन होगा। विजेता टीम को तीन लाख रुपये का चेक प्रदान कर सम्मानित किया गया।
दूसरी ओर इसी टीम को उच्च संचार कौशल के लिए ऑफट्रैक अवार्ड - (कहानी अवार्ड) के लिए ढाई लाख रूपये और प्रतियोगिता में सेफ्टी प्रोटोकॉल अच्छी तरह निभाने, सुरक्षित मॉडल और यात्रा सुरक्षा विश्लेषण के लिए ’सेफ्टी अवार्ड’ के रुप में भी ढ़ाई लाख रुपये का पुरस्कार मिला।
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आईआईटी बीएचयू की टीम ने तीन अलग-अलग श्रेणियों में आठ लाख का पुरस्कार जीता। छात्रों ने बिजली से चलने वाली जो कार बनाई है, उसमें एक किलोवॉट प्रति घंटे की ऊर्जा से 362.5 किलोमीटर की क्षमता का प्रदर्शन होगा। विजेता टीम को तीन लाख रुपये का चेक प्रदान कर सम्मानित किया गया।
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दूसरी ओर इसी टीम को उच्च संचार कौशल के लिए ऑफट्रैक अवार्ड - (कहानी अवार्ड) के लिए ढाई लाख रूपये और प्रतियोगिता में सेफ्टी प्रोटोकॉल अच्छी तरह निभाने, सुरक्षित मॉडल और यात्रा सुरक्षा विश्लेषण के लिए ’सेफ्टी अवार्ड’ के रुप में भी ढ़ाई लाख रुपये का पुरस्कार मिला।
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तीन श्रेणियों में मिली आठ लाख रुपये की धनराशि
- फोटो : अमर उजाला
तमिलनाडु के तमिल आधिकारिक भाषा और तमिल संस्कृति मंत्री के. पांडियाराजन ने विजेता टीम को सम्मानित किया। इधर संस्थान के निदेशक प्रो. प्रमोद कुमार जैन ने विजेता टीम को बधाई दी है। सीईआरडी के समन्वयक प्रो. फेसर एसएसके सिन्हा ने बताया कि शैल इको मैराथन ऐसी प्रतियोगिता है जिसमें उच्च उर्जा कुशल वाहनों का निर्माण और परीक्षण की चुनौती देती है।
टीम में मेंटर प्रो. अरुण कुमार कपूर के साथ ही चतुर्थ वर्ष के छात्रों में सोमेश जायसवाल, सुनील जैसवाल, शिवम मिश्रा, लक्ष्य भोंडे, पावस सुमन, रिषव गुहा, तृतीय वर्ष से हिंमाशु साहू, सौरभ पटेल, वैभव सिंह, ईशान महाजन, विवेक कुमार, रायला कार्तिक, अभ्युदय वर्मा, रिद्धी घोष आदि शामिल रहे।
टीम में मेंटर प्रो. अरुण कुमार कपूर के साथ ही चतुर्थ वर्ष के छात्रों में सोमेश जायसवाल, सुनील जैसवाल, शिवम मिश्रा, लक्ष्य भोंडे, पावस सुमन, रिषव गुहा, तृतीय वर्ष से हिंमाशु साहू, सौरभ पटेल, वैभव सिंह, ईशान महाजन, विवेक कुमार, रायला कार्तिक, अभ्युदय वर्मा, रिद्धी घोष आदि शामिल रहे।