यूपी: बर्निंग ट्रेन बनने से बची हावड़ा-बीकानेर एक्सप्रेस, गेटमैन की लाल झंडी से बचा हादसा
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हावड़ा से बीकानेर जा रही अप 02387 हावड़ा-बीकानेर एक्सप्रेस शुक्रवार को बर्निंग ट्रेन बनने से बच गई। गेटमैन की लाल झंडी से बड़ा हादसा होने से बच गया। ट्रेन के कोच में ब्रेक बाइंडिंग से शुक्रवार की सुबह धुआं निकलने लगा। उत्तर प्रदेश के चंदौली जनपद के मझवार स्टेशन के समीप गेटमैन मित्तल कुमार सिंह ने चालक और गार्ड को लाल झंडी दिखाकर ट्रेन रोकवाया। कोच बदलने के बाद ट्रेन रवाना की गई। इस घटना से ट्रेन 40 मिनट की देरी से रवाना हुई।
हावड़ा-बीकानेर एक्सप्रेस भभुआ रोड स्टेशन से निर्धारित समय पर खुली थी और 130 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ रही थी। ट्रेन सुबह सवा नौ बजे चंदौली जनपद के मझवार स्टेशन को पार कर रही थी। इसी बीच गेटमैन मित्तल कुमार सिंह ने ट्रेन के पार्सल कोच के पहिए से धुआं निकलता देखकर गार्ड ए. खान और चालक को सूचित किया।
बोगी के चारो पहिए के ब्रेक थे जाम
गंजख्वाजा में ट्रेन रोक कर जांच की गई तो पता चला कि बोगी के चारो पहिए के ब्रेक जाम होने से धुआं निकल रहा है। प्रयास के बाद भी ब्रेक जाम नहीं छूटा तो चालक ने इसकी सूचना कंट्रोल को दी। ट्रेन धीमी गति से सुबह लगभग दस बजे पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर सात पर पहुंची। यहां सीनियर डीएमई के आदेश पर खाली पार्सल कोच को ट्रेन से अलग किया गया। इस संबंध में स्टेशन निदेशक मोहम्मद इकबाल ने बताया कि गेटमैन, चालक और गार्ड की सूझबूझ से बड़ी घटना होने से बच गई। कोच को बदल कर यहां से सुरक्षित 10.35 बजे ट्रेन आगे के लिए रवाना हुई।