गोरखपुर: ट्रेन में चढ़ने की जद्दोजहद में कोई इधर गिरा कोई उधर, इस वजह से अचानक बढ़ी भीड़
गोरखपुर-नरकटियागंज रेल मार्ग पर वाल्मीकिनगर से मुजफ्फरपुर तक दोहरीकरण का कार्य चल रहा है। इन दिनों वाल्मीकिनगर स्टेशन के पास प्री एनआई का काम चल रहा है। इसके चलते सत्याग्रह एक्सप्रेस 16 सितंबर तक निरस्त है। सप्तक्रांति एक्सप्रेस वाल्मीकिनगर की बजाय थावे-पडरौना के रास्ते चल रही है।
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वाल्मीकिनगर स्टेशन के पास नॉन इंटरलाॅकिंग के चलते निरस्त चल रही सत्याग्रह एक्सप्रेस समेत कई अन्य ट्रेनों के यात्री दिल्ली की यात्रा के लिए वैशाली और बिहार संपर्क क्रांति में धक्का-मुक्की कर रहे हैं। सप्तक्रांति के भी रूट बदलकर चलने से तमाम यात्री गोरखपुर जंक्शन से ही यात्रा शुरू और खत्म कर रहे हैं। इसके चलते गोरखपुर जंक्शन पर इन दिनों भीड़ बढ़ गई है। कोई बस में धक्के खा रहा है तो कोई ट्रेन में चढ़ने की जद्दोजहद में लगा है। शुक्रवार की शाम को भी स्टेशन पर ऐसा ही नजारा था।
गोरखपुर-नरकटियागंज रेल मार्ग पर वाल्मीकिनगर से मुजफ्फरपुर तक दोहरीकरण का कार्य चल रहा है। इन दिनों वाल्मीकिनगर स्टेशन के पास प्री एनआई का काम चल रहा है। इसके चलते सत्याग्रह एक्सप्रेस 16 सितंबर तक निरस्त है। सप्तक्रांति एक्सप्रेस वाल्मीकिनगर की बजाय थावे-पडरौना के रास्ते चल रही है। करीब 20 अन्य ट्रेनें भी प्रभावित हैं। इसके चलते यात्री सीधे गोरखपुर जंक्शन पर पहुंचकर यहां से गुजरने वाली ट्रेनों से अपनी यात्रा कर रहे हैं।
शुक्रवार की शाम करीब चार बजे गोरखपुर स्टेशन के जनरल टिकट काउंटर पर भीड़ धक्का-मुक्की करती नजर आई। पूछताछ काउंटर पर भी यात्री धक्का-मुक्की करते दिखे। बिहार संपर्क क्रांति करीब सवा घंटे देरी से गोरखपुर जंक्शन पहुंची तो यात्री ट्रेन में घुसने के लिए दौड़ पड़े।
स्लीपर कोच में जिनकी टिकट कन्फर्म थी, वे भी अपनी जगह तक पहुंचने के लिए परेशान दिखे। इसके बाद वैशाली एक्सप्रेस ट्रेन करीब एक घंटे देरी से स्टेशन पर पहुंची तो यात्री जनरल कोच में घुसने के लिए एक-दूसरे पर गिरते-चढ़ते दिखे। कोई खिड़की से अंदर सामान फेंक रहा था तो कोई अंदर घुसे अपने साथी यात्री से सीट पर जगह बचाने को चिल्ला रहा था।
हर दिन कैंसिल हो रहे करीब 100 टिकट
ट्रेनों के निरस्त होने के चलते रेलवे को काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है। कैंट स्टेशन पर एनआई के चलते पिछले दिनों केवल आरक्षित काउंटर पर ही हर दिन 300 से 400 टिकट कैंसिल हो रहे थे। अब भी 30 से 40 टिकट रोज कैंसिल हो रहा है। ऑनलाइन भी टिकट कैंसिल हो रहे हैं। आरक्षित टिकट काउंटर के एक कर्मचारी ने बताया कि गोरखपुर जंक्शन से यात्रा करने वाले औसतन 100 लोग रोज टिकट कैंसिल करा रहे हैं।