{"_id":"58cae2214f1c1b741132d2dc","slug":"asha-became-angry-in-chc","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएचसी में आशाओं का हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीएचसी में आशाओं का हंगामा
ब्यूरो/अमर उजाला संभल
Updated Fri, 17 Mar 2017 12:36 AM IST
विज्ञापन
hospital
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पवांसा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर अवैध वसूली को लेकर आशाओं ने गुरुवार को जमकर हंगामा किया। अस्पताल के दो कर्मचारियों पर वसूली का आरोप लगाया। पवांसा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में गुरुवार को दोपहर आशाओं एवं एएनएम का गर्भवती महिलाओं की देखभाल एवं दो वर्ष तक के बच्चों के टीकाकरण से संबंधित एक दिवसीय प्रशिक्षण चल रहा था।
इसमें उप मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजवीर सिंह एवं पवांसा के प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. पवन कुमार उपस्थित थे, तभी आशाओं ने अस्पताल में चल रही अवैध वसूली को लेकर हंगामा शुरू कर दिया और अस्पताल के दो कर्मचारियों पर अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग करने लगीं।
आरोप था कि अस्पताल के दो कर्मचारी उनके मानदेय का भुगतान करने से पहले उनसे मोटी रकम वसूलते हैं, जो आशाएं उन्हें रकम नहीं देती हैं। उनके खाते में भुगतान नहीं डालते हैं।
विज्ञापन
कहा कि, गर्भवती महिलाओं के फार्म जमा करने पर भी प्रति फार्म 100 रुपये की वसूली की जाती है। रुपये नहीं देने फार्म जमा नहीं करते हैं, जिससे समय पर मानदेय उनको नहीं मिल पाता है। इस दौरान सावित्री देवी, रुखसाना, राजवती, फेमा, छोटी, सर्वेश, कमलेश, रामवती आदि मौजूद रहीं।
विज्ञापन
इसमें उप मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजवीर सिंह एवं पवांसा के प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. पवन कुमार उपस्थित थे, तभी आशाओं ने अस्पताल में चल रही अवैध वसूली को लेकर हंगामा शुरू कर दिया और अस्पताल के दो कर्मचारियों पर अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग करने लगीं।
विज्ञापन
आरोप था कि अस्पताल के दो कर्मचारी उनके मानदेय का भुगतान करने से पहले उनसे मोटी रकम वसूलते हैं, जो आशाएं उन्हें रकम नहीं देती हैं। उनके खाते में भुगतान नहीं डालते हैं।
विज्ञापन
कहा कि, गर्भवती महिलाओं के फार्म जमा करने पर भी प्रति फार्म 100 रुपये की वसूली की जाती है। रुपये नहीं देने फार्म जमा नहीं करते हैं, जिससे समय पर मानदेय उनको नहीं मिल पाता है। इस दौरान सावित्री देवी, रुखसाना, राजवती, फेमा, छोटी, सर्वेश, कमलेश, रामवती आदि मौजूद रहीं।