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Pratapgarh News: संविदा कर्मियों का कार्य बहिष्कार, भटकते रहे मरीज

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 09 Oct 2026 11:15 PM IST
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Contract workers boycott work; patients left stranded.
बृजेश बहादुर सिंह
अपनी मांगों को लेकर एनएचएम के 4193 संविदा कर्मियों ने शुक्रवार को दूसरे दिन भी कार्य बहिष्कार कर सीएमओ कार्यालय पर धरना दिया। नेतृत्व राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ ने किया। कर्मियों ने नियमितीकरण या समान कार्य-समान वेतन, 10 लाख तक कैशलेस इलाज, डीए, ईपीएफ और एचआरए देने की मांग की। हड़ताल में 20 डॉक्टर, 196 एएनएम, 218 सीएचओ, 380 स्टाफ नर्स समेत 3405 आशा शामिल हैं।
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दोपहर एक बजे तक नहीं पहुंचे डॉक्टर
पीएचसी मंगापुर। दोपहर एक बजे तक डॉक्टर, फार्मासिस्ट और लैब टेक्नीशियन नहीं पहुंचे। स्वीपर ही पुराने मरीजों को दवा दे रहा था। मंगापुर आरोग्य मंदिर में ताला लटका था।
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लैब में ताला, लौटे मरीज

सीएचसी रानीगंज। संविदा चिकित्सक धरने पर चले गए। सिर्फ नियमित डॉ. सुषमा मौजूद थीं। बोलीं, संविदा कर्मियों के जाने से परेशानी बढ़ी है। पीएचसी बाबागंज के लैब में ताला लगा था। मरीजों को बिना जांच दवा लेनी पड़ी। सांगीपुर टीबी यूनिट बंद रही। पटहटिया कला वेलनेस सेंटर पर भी ताला था। बीपी-शुगर जांच कराने आए लोग लौट गए।
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क्या आईं दिक्कतें

जांच, टीकाकरण ठप रहा। स्कूलों में आरबीएसके टीम बच्चों की आंख-कान की जांच को नहीं पहुंची। जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र बनवाने वाले भटकते रहे। एसएनसीयू में भर्ती नवजात और एनआरसी में कुपोषित बच्चों की देखरेख प्रभावित हुई।
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बोले लोग

खुजली से परेशान हूं, पीएचसी में डॉक्टर तो दूर फार्मासिस्ट भी नहीं दिखा की दवा ले सकें। -रामबहोर, मंगापुर।

बाबागंज अस्पताल में कोई नहीं मिला। इस वजह से बिना इलाज ही घर लौटना पड़ा। - रेखा, भावदासपुर।

बोले एनएचएम के पदाधिकारी

नियमित कर्मचारियों की तरह काम लिया जाता है। महंगाई भत्ता तक नहीं मिलता है। जबतक सरकार हमारी मांगें नहीं मांगती है तबतक विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। - बीबी सिंह, अध्यक्ष एनएचएम।
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कर्मचारियों को नियमित न करके सौतेला व्यवहार किया जाता है। संविदा कर्मियों की ड्यूटी ओपीडी और इमरजेंसी तक में लगाई जा रही है। - डॉ. अनामिका सिंह, महिला उपाध्यक्ष एनएचएम।

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सरकार जबतक मांगें नहीं मानती हैं कर्मचारी संघ एकजुट होकर कार्य बहिष्कार कर प्रदर्शन करेगा। सरकार संविदा कर्मियों और आशा कार्यकर्ताओं की ओर ध्यान नहीं दे रही है। - शोभा ओझा, एनएचएम महिला अध्यक्ष।
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वर्जन
ड्यूटी पर न आने वाले डॉक्टरों और कर्मचारियों को अनुपस्थित दिखाया जा रहा है। उनका वेतन रोका जाएगा। शासन को पत्र भेजा गया है।
- डॉ. एस हैदर, डिप्टी सीएमओ।

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

बृजेश बहादुर सिंह

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