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Pratapgarh News: अपनी ही जांच पर सीएमओ को नहीं भरोसा
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प्रतापगढ़। सीएमओ को अब सरकारी अस्पतालों में होने वाली डेंगू की जांच पर भी भरोसा नहीं हैं। जिस डेंगू संक्रमित मेडिकल कॉलेज के कर्मचारी की मौत हुई, उसके बारे में सीएमओ ने अजीब बयान दिया है। कर्मी की मौत टाइफाइड बुखार होने के कारण बताया।
लीलापुर के गहरी सगरा सुंदरपुर निवासी 33 वर्षीय स्वपनिल सिंह मेडिकल कॉलेज में एक्सरे टेक्नीशियन के पद पर तैनात था। मेडिकल कॉलेज में जांच में डेंगू की पुष्टि हुई। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे लेकर प्रयागराज जा रहे थे। बृहस्पतिवार सुबह उसकी मौत हो गई। शनिवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम उसके घर पहुंची। दवा का छिड़काव करने के साथ 50 लोगों का सैंपल लेकर डेंगू जांच कराया। सीएमओ डाॅ. एएन प्रसाद ने कहा कि स्वपनिल की मौत डेंगू से नहीं हुई। उसे टाइफाइड बुखार हो रहा था। जिसके चलते उसका लीवर खराब हो गया। मधुमेह बढ़ गया। इससे उसकी मौत हो गई। जबकि मेडिकल कॉलेज में हुए जांच में स्वपनिल का प्लेटलेट्स 12 हजार बताया गया था। डेंगू की पुष्टि भी की गई थी। अन्य मरीजों की तरह स्वपनिल को डेंगू पॉजिटिव होने की रिपोर्ट सीएमओ कार्यालय मेडिकल कॉलेज की टीम भेजी थी।
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लीलापुर के गहरी सगरा सुंदरपुर निवासी 33 वर्षीय स्वपनिल सिंह मेडिकल कॉलेज में एक्सरे टेक्नीशियन के पद पर तैनात था। मेडिकल कॉलेज में जांच में डेंगू की पुष्टि हुई। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे लेकर प्रयागराज जा रहे थे। बृहस्पतिवार सुबह उसकी मौत हो गई। शनिवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम उसके घर पहुंची। दवा का छिड़काव करने के साथ 50 लोगों का सैंपल लेकर डेंगू जांच कराया। सीएमओ डाॅ. एएन प्रसाद ने कहा कि स्वपनिल की मौत डेंगू से नहीं हुई। उसे टाइफाइड बुखार हो रहा था। जिसके चलते उसका लीवर खराब हो गया। मधुमेह बढ़ गया। इससे उसकी मौत हो गई। जबकि मेडिकल कॉलेज में हुए जांच में स्वपनिल का प्लेटलेट्स 12 हजार बताया गया था। डेंगू की पुष्टि भी की गई थी। अन्य मरीजों की तरह स्वपनिल को डेंगू पॉजिटिव होने की रिपोर्ट सीएमओ कार्यालय मेडिकल कॉलेज की टीम भेजी थी।
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