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सपना के ठुमकों पर फंसे आयोजक, केस दर्ज
अमर उजाला ब्यूरों
Updated Thu, 01 Sep 2016 02:06 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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हरियाणा की रागिनी गायिका सपना चौधरी का मंगलवार रात डाबका गांव में बिना परमिशन कार्यक्रम कराकर आयोजक बुरी तरह फंस गए हैं। सीओ दौराला ने बुधवार को आयोजकों पर केस दर्ज करा दिया। कार्यक्रम में हथियारों के प्रदर्शन को लेकर भी जांच शुरू हो गई है। वहीं, एसएसपी ने इस मामले में घोर लापरवाही बरतने पर एसओ कंकरखेड़ा और सीओ दौराला से स्पष्टीकरण मांग लिया है।
कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र के हाईवे स्थित डाबका गांव निवासी अंकुश चौधरी ने अपने भतीजे के जन्मदिन की खुशी में सपना चौधरी का रागिनी कार्यक्रम आयोजित कराया था। आयोजन गांव के एक मैदान में हुआ था। जहां अप्रत्याशित रूप से डाबका और आसपास के गांवों के करीब 20 हजार लोग रागिनी सुनने पहुंचे थे। सपना ने ठुमके लगाने शुरू ही किए थे कि युवाओं की बेहिसाब भीड़ ने हुड़दंग काटना शुरू कर दिया था। नोटों की बारिश और अवैध हथियारों के प्रदर्शन के बीच मंच पर चढ़कर सपना से छेड़छाड़ और खींचतान करने की कोशिश की गई थी। आयोजनकर्ताओं और बाउंसर किसी तरह सपना को वहां से सुरक्षित निकालकर ले गए थे। बवाल के अंदेशे के बीच पुलिस दूर-दूर तक गायब थी।
बुधवार को यह मामला मीडिया में सुर्खियां बना तो सीओ दौराला अरविंद कुमार ने आयोजकों के खिलाफ थाना कंकरखेड़ा पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाया। सीओ के अनुसार गांव में एक टीम आयोजकों के घर भेजकर पूरे मामले की जानकारी की गई। बिना परमिशन के गांव में इतना बड़ा कार्यक्रम करना व इतनी तादाद में लोगों को एकत्र करने व अवैध असलहों को लेकर गांव में घूमने को लेकर आयोजकों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। साथ ही असलहों की भी जांच की जा रही है। असलहे अवैध निकले तो कार्रवाई होगी और वैध भी निकले तो लाइसेंस निरस्त किए जाएंगे।
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होर्डिंग देखकर आंख मीच ली थी क्या
पुलिस ने आयोजकों पर केस दर्ज पल्ला तो झाड़ लिया। लेकिन बिना जानकारी या परमिशन कार्यक्रम होने की बात कहने वाली पुलिस की आंखों के सामने एक सप्ताह पूर्व ही सपना के कार्यक्रम के होर्डिंग लगे थे। एक होर्डिंग शोभापुर पुलिस चौकी और व डाबका गांव के सामने ही योगीपुरम पुलिस चौकी के सामने भी लगा था। उसके बाद भी सीओ का तर्क है कि पुलिस को सूचना नहीं थी। जबकि एसओ कंकरखेड़ा यादराम यादव का कहना है कि जानकारी तो थी लेकिन ऐसा जमघट लगेगा, पता नहीं था।
कप्तान ने मांगा जवाब
इस मामले में एसएसपी जे. रविंदर गौड़ ने थाना स्तर पर घोर लापरवाही बरतने को गंभीरता से लिया है। उन्होंने जवाब मांगा है कि बिना परमिशन व सूचना के गांव में इतना बड़ा कार्यक्रम कैसे हो गया। हुआ भी तो इतनी संख्या में लोग कैसे पहुंच गए और वहां पर फोर्स तैनात क्यों नहीं थी। एसएसपी ने नोटिस जारी कर सीओ व एसओ से जवाब मांगा है। सीओ व एसओ को फोन पर लताड़ भी लगाई।
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कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र के हाईवे स्थित डाबका गांव निवासी अंकुश चौधरी ने अपने भतीजे के जन्मदिन की खुशी में सपना चौधरी का रागिनी कार्यक्रम आयोजित कराया था। आयोजन गांव के एक मैदान में हुआ था। जहां अप्रत्याशित रूप से डाबका और आसपास के गांवों के करीब 20 हजार लोग रागिनी सुनने पहुंचे थे। सपना ने ठुमके लगाने शुरू ही किए थे कि युवाओं की बेहिसाब भीड़ ने हुड़दंग काटना शुरू कर दिया था। नोटों की बारिश और अवैध हथियारों के प्रदर्शन के बीच मंच पर चढ़कर सपना से छेड़छाड़ और खींचतान करने की कोशिश की गई थी। आयोजनकर्ताओं और बाउंसर किसी तरह सपना को वहां से सुरक्षित निकालकर ले गए थे। बवाल के अंदेशे के बीच पुलिस दूर-दूर तक गायब थी।
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बुधवार को यह मामला मीडिया में सुर्खियां बना तो सीओ दौराला अरविंद कुमार ने आयोजकों के खिलाफ थाना कंकरखेड़ा पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाया। सीओ के अनुसार गांव में एक टीम आयोजकों के घर भेजकर पूरे मामले की जानकारी की गई। बिना परमिशन के गांव में इतना बड़ा कार्यक्रम करना व इतनी तादाद में लोगों को एकत्र करने व अवैध असलहों को लेकर गांव में घूमने को लेकर आयोजकों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। साथ ही असलहों की भी जांच की जा रही है। असलहे अवैध निकले तो कार्रवाई होगी और वैध भी निकले तो लाइसेंस निरस्त किए जाएंगे।
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होर्डिंग देखकर आंख मीच ली थी क्या
पुलिस ने आयोजकों पर केस दर्ज पल्ला तो झाड़ लिया। लेकिन बिना जानकारी या परमिशन कार्यक्रम होने की बात कहने वाली पुलिस की आंखों के सामने एक सप्ताह पूर्व ही सपना के कार्यक्रम के होर्डिंग लगे थे। एक होर्डिंग शोभापुर पुलिस चौकी और व डाबका गांव के सामने ही योगीपुरम पुलिस चौकी के सामने भी लगा था। उसके बाद भी सीओ का तर्क है कि पुलिस को सूचना नहीं थी। जबकि एसओ कंकरखेड़ा यादराम यादव का कहना है कि जानकारी तो थी लेकिन ऐसा जमघट लगेगा, पता नहीं था।
कप्तान ने मांगा जवाब
इस मामले में एसएसपी जे. रविंदर गौड़ ने थाना स्तर पर घोर लापरवाही बरतने को गंभीरता से लिया है। उन्होंने जवाब मांगा है कि बिना परमिशन व सूचना के गांव में इतना बड़ा कार्यक्रम कैसे हो गया। हुआ भी तो इतनी संख्या में लोग कैसे पहुंच गए और वहां पर फोर्स तैनात क्यों नहीं थी। एसएसपी ने नोटिस जारी कर सीओ व एसओ से जवाब मांगा है। सीओ व एसओ को फोन पर लताड़ भी लगाई।