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गन्ना मूल्य को लेकर हाईवे जाम के हवाले
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Tue, 02 Feb 2016 02:12 AM IST
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भारतीय किसान यूनियन ने गन्ने के दाम बढ़ाए जाने तथा बकाया भुगतान कराने की मांग को लेकर सोमवार को जिले भर में विभिन्न मार्गों पर जाम लगाया। इससे यात्रियों को काफी परेशानी हुई। इस दौरान कई जगह राहगीरों से नोकझोंक और मारपीट भी की गई।
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मवाना खुर्द पुलिस चौकी के निकट मेरठ-पौड़ी राजमार्ग पर पूर्व घोषणा के अनुसार भाकियू के सैकड़ों कार्यकर्ता ट्रैक्टर-ट्राली लेकर पूर्वाह्न 11 बजे पहुंचे। उन्होंने वाहनों को आड़ा-तिरछा खड़ा करके जाम लगा दिया तथा धरना देकर बैठ गए। यहां हरवीर निलौहा, शौकीन गुर्जर, राजकुमार दूधली, भाकियू के ब्लाक अध्यक्ष जयपाल सिंह, धर्मवीर, सतीश कुमार, तेजपाल सिंह पिलौना, सुरेंद्र सिंह, जिले सिंह आदि ने धरने को संबोधित किया। उपजिलाधिकारी दिव्या मित्तल शाम करीब चार बजे वहां पहुंचीं और जाम खुलवाया।
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बहसूमा में भाकियू कार्यकर्ताओं ने मुख्य मार्ग स्थित बैंक्वेट हाल के सामने ट्रैक्टर-ट्राली खड़ी करके धरना-प्रदर्शन किया। सुरेद्र सिंह राणा ने कहा कि गन्ना मूल्य नहीं बढ़ाया है जबकि खाद की कीमत में इजाफा कर दिया है। थानाध्यक्ष बचन सिरोही को करीब चार घंटे बाद ज्ञापन सौंपकर जाम खोला।
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सरधना क्षेत्र में मेरठ-करनाल हाईवे पर दबथुवा में भाकियू कार्यकर्ताओं ने करीब तीन घंटे तक चक्का जाम कर धरना दिया। धरने की अध्यक्षता मोहम्मद यामीन ने की तथा संचालन कुलदीप त्यागी और जगवीर सिंह दबथुवा ने संयुक्त रूप से किया। धरने में जिला पंचायत सदस्य मीनाक्षी भरालाभी शामिल हुईं। यहां सीडीओ नवनीत चहल को ज्ञापन सौंपकर धरना खत्म किया।
जानीखुर्द में भाकियू कार्यकर्ताओं ने मेरठ-बागपत मार्ग पर जानी गंगनहर पुल चौराहे पर जाम लगाया। इस दौरान जिलाध्यक्ष हरेन्द्र जानी ने प्रदेश सरकार पर आरोप लगाया कि वह मिल मालिकों के इशारे पर काम कर रही है। एसडीएम मेरठ रविश गुप्ता को चार घंटे बाद ज्ञापन सौंपने के बाद जाम खोला गया।