धर्म परिवर्तन के बाद पंचायत, फिर ममेरे भाई से करा दी युवती की शादी, बखेड़ा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
यूपी के इस शहर में एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है। यहां धर्म परिवर्तन के बाद पंचायत बैठ गई और एक युवती की शादी उसके ममेरे भाई से करा दी गई।
मामला उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले का है। खरखौदा के पांची गांव में धर्म परिवर्तन के बाद दूसरे समुदाय के युवक के साथ शादी की सूचना पर गांव में बखेड़ा हो गया। सैकड़ों लोगों ने युवती का घर घेरकर पंचायत बैठा दी। मौके पर पहुंची पुलिस दूल्हा व दुल्हन समेत परिजनों को थाने ले गई। दुल्हन का ममेरा भाई जो शादी में बिचौलिया बना था, बाद में उसी से दुल्हन की थाने के मंदिर में शादी कराई गई।
पुलिस के अनुसार गांव निवासी एक व्यक्ति की पुत्री अपनी ननिहाल में गई थी। जहां दूसरे समुदाय के एक युवक के साथ प्रेम प्रसंग हो गया। युवती के ममेरे भाई को जानकारी हुई तो उसने प्रेमी से ही शादी कराने का वादा किया। युवती की मां यानी अपनी बुआ से बात की। लेकिन उन्होंने समाज के डर से पहले इंकार किया था। बाद में युवती के परिजनों को सहमत कर लिया। दूसरे समुदाय के युवक का गांव पांची में युवती के घर आना-जाना हो गया। ग्रामीणों ने बताया कि छह माह पहले दूसरे समुदाय के युवक ने युवती का धर्म परिवर्तन कराकर उससे निकाह भी कर लिया था। लेकिन युवती के परिजनों ने समाज के डर से उसे मानने से इंकार कर दिया।
मंगलवार को शादी का दिन निश्चित किया गया। जिसमें दुल्हन व दूल्हा पक्ष दोनों को कहीं बाहर जाकर शादी करनी थी। मंगलवार को गाड़ी में सामान लेकर दूल्हा पक्ष युवती के ममेरे भाई व एक मुस्लिम युवती को लेकर गांव में पहुंचा तथा शादी की तैयारी होने लगी। शादी के लिये युवती पक्ष के सभी रिश्तेदार भी गांव में पहुंचे। जैसे ही ग्रामीणों को इस प्रकरण के बारे में सूचना मिली तो बिरादरी के लोगों ने गांव में ही पंचायत की। दुल्हन पक्ष का विरोध करते हुये पुलिस को धर्म परिवर्तन के बाद विवाह की सूचना कर दी। गुस्साए ग्रामीणों ने युवती के परिजनों के साथ दूसरे समुदाय के युवक और दुल्हन को भी पीट दिया।
पढ़ें : धर्म बदलकर आर्य समाज मंदिर में रचाई दलित युवती से शादी, कोर्ट ने दिए सुरक्षा के आदेश
थाना पुलिस की मिलीभगत का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि युवती पक्ष ने युवती को दूसरे समुदाय के युवक को बेच दिया। दूसरे समुदाय के युवक का ग्रामीण विरोध कर रहे थे। लेकिन पुलिस ने दूसरे समुदाय के युवक को छोड़ दिया जिससे शादी होनी थी। उसके साथ आयी अन्य महिला को भी छोड़ दिया। एसएसआई का कहना है कि युवती अपने ममेरे भाई से शादी करना चाह रही थी। दूसरे समुदाय का युवक दोस्त था। बाद में समझौता होने पर हिरासत में लिए युवक को छोड़ा।
पुलिस ने मारी पलटी
धर्म परिवर्तन के बाद हिंदू युवती की दूसरे समुदाय के युवक से शादी की सूचना पर हिंदू संगठन के नेता भी खरखौदा थाने पहुंचे। लेकिन जब पुलिस ने मामले में पलटी मारी तो ये नेता वापस चले गए।
ग्रामीणों ने किया ऐलान
सूचना पर खरखौदा थाने के एसएसआई रवि चंद्रवाल मौके पर पहुंचे और दुल्हन, उसके परिजन व दूसरे समुदाय के युवक को थाने ले गए। इस बीच वहां पहुंचे ग्रामीणों ने थाना घेर लिया। ऐलान किया कि यदि दूसरे समुदाय के युवक से शादी हई तो पुलिस जिम्मेदार होगी। बाद में दुल्हन ने कहा कि वह अपने मामा के युवक से ही शादी कर लेगी। जिसके बाद थाना परिसर में बने हनुमान मंदिर में दोनों की शादी करा दी गई।
जांच कर कार्रवाई कराएंगे
यह मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। थाने में किसी भी पक्ष द्वारा तहरीर भी नहीं दी गई थी। यदि कोई शिकायत आती है तो पुलिस जांच कर कार्रवाई करेगी।-राजेश कुमार, एसपी देहात
जांच कर कार्रवाई कराएंगे
यह मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। थाने में किसी भी पक्ष द्वारा तहरीर भी नहीं दी गई थी। यदि कोई शिकायत आती है तो पुलिस जांच कर कार्रवाई करेगी। -राजेश कुमार, एसपी देहात
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/