उत्तर पश्चिमी हवाओं ने स्मॉग से दी राहत, 48 घंटे में तेजी से सुधरी वायु की गुणवत्ता, खिली सुनहरी धूप
बीते एक सप्ताह से स्मॉग का असर इतना बढ़ गया था कि दो दिन स्कूलों को भी बंद करना पड़ा। लेकिन शनिवार को हवा की रफ्तार 18 किमी प्रति घंटे के आसपास रही। वहीं रविवार को सुबह से ही हवा करीब 22 किमी प्रति घंटे की गति से चली। इसने वायु प्रदूषण को काफी हद तक खत्म कर दिया।
मेरठ का एक्यूआई 157 पर आ गया। हवा चलने से दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा की भी हवा में सुधार आया है। रविवार को अधिकतम तापमान 28.1 डिग्री और न्यूनतम 14.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। अधिकतम आर्द्रता 76 और न्यूनतम 31 रही।
मेरठ। वातावरण में बनने वाले गैस चेंबर हमें खतरनाक रास्ते पर ले जा रहे हैं, लेकिन कुछ चीजे ऐसी भी हैं जो हमें पहले से ही संकेत दे देती हैं कि प्रदूषण नुकसानदायक स्तर पर पहुंच चुका है।
जिला विज्ञान क्लब से समन्वयक दीपक शर्मा बताते हैं कि पत्तियों पर प्रदूषण के प्रभाव को समझने के लिए दो स्थानों पर लगे अमरूद और जामुन के पेड़ की पत्तियों का अध्ययन किया गया। जिसमें पाया कि बाईपास पर अमरूद की पत्तियों पर कार्बन पार्टिकल बहुत ज्यादा मात्रा में पाए गए, जबकि जागृति विहार के सेक्टर 9 में कार्बन पार्टिकल न के बराबर हैं। इससे साफ है कि जागृति विहार में प्रदूषण कम और बाईपास पर ज्यादा है।
अमरूद, जामुन, कनेर और भांग आदि की पत्तियां इतनी संवेदनशील होती हैं कि सबसे पहले कार्बन पार्टिकल उनके ऊपर जम जाते हैं। ये बेजुबान पत्तियां अपनी भाषा में बता देती हैं कि अब वायु सांस लेने लायक नहीं बची है। फेफड़ों में स्थित वायु को साफ करने वाले 20 हजार चेंबर धीरे-धीरे बंद होने लगते हैं, जिससे सांस लेने में भी तकलीफ होने लगती हैं।
दिन का तापमान सामान्य रहा। रात के तापमान में तीन डिग्री की गिरावट आई। हवा की गति 20 किमी प्रति घंटे से ऊपर रही। सोमवार को यह 10 के आसपास रहने के आसार हैं। बुधवार सुबह के समय हल्का स्मॉग रहने की आशंका है। -डॉ. एन सुभाष, मौसम वैज्ञानिक, आईएफएसआर
िन और रात में पेट्रोलिंग टीम निगरानी कर रही है। जहां भी प्रतिबंधित ईधन जलाया जाएगा, कड़ी कार्रवाई की जाएगी। -आरके त्यागी, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी