फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   fire in highway hotel

हाईवे पर होटल में लगी भीषण आग

Sun, 02 Apr 2017 02:20 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Sun, 02 Apr 2017 02:20 AM IST
विज्ञापन
fire in highway hotel
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
 दिल्ली-देहरादून हाईवे पर स्थित तीन मंजिला होटल क्राउन के रेस्टोरेंट में शुक्रवार देर रात भीषण आग लग गई। इसमें आठ कर्मचारियों सहित कमरे में ठहरा एक युगल उसमें फंस गया। सूचना पर पहुंची पुलिस और दमकल कर्मियों ने वहां फंसे 10 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला और तीन घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग से लाखों का नुकसान हुआ है। वहीं आग की वजह शार्ट सर्किट बताया गया है।
विज्ञापन

सुभारती डेंटल कॉलेज के सामने तीन मंजिला होटल क्राउन है। शुक्रवार रात होटल की पहली मंजिल पर बने रेस्टोरेंट में आग लग गई। आग का धुआं तीसरी मंजिल पर सो रहे होटल कर्मचारियों तक पहुंचा तो उनकी आंख खुल गई। धुआं अधिक होने कारण वे वहां से निकल नहीं सके। वहीं होटल की दूसरी मंजिल पर बने कमरे में ठहरा एक युगल भी कमरे में फंस गया। होटल कर्मियों ने फोन कर होटल संचालक को इसकी सूचना दी। होटल संचालक ने फायर बिग्रेड और टीपी नगर पुलिस को इसकी सूचना दी।
विज्ञापन

कुछ ही देर में पुलिस और दमकल की आठ गाड़ियां मौके पर पहुुंच गईं। सीएफओ शिव दयाल शर्मा, एफएसओ मुकेश कुमार, टीपी नगर इंस्पेक्टर सचिन मलिक आदि भी पहुंचे। काफी प्रयासों के बाद होटल में फंसे लोगों को  सकुशल बाहर निकाला गया। आग लगने से रेस्टोरेंट की छत पूरी तरह जल गई। उसमें रखा फर्नीचर, चार एसी, एलईडी आदि सामान भी राख हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


ईश्वर को शायद यही मंजूर था
होटल संचालक दीपक भाटिया और बिूट्टू भाटिया ने बताया कि रात करीब सवा दो बजे कर्मचारियों ने फोन पर आग लगने की सूचना दी थी। वह तभी मौके पर पहुंच गए थे। पुलिस और दमकल कर्मी भी तुरंत मौके पर पहुंच गए थे। आग से काफी नुकसान हुआ है। शायद ईश्वर को यही मंजूर था।

मौत को नजदीक से देखा
होटल कर्मियों ने कहा कि उन्होंने आज मौत को बेहद नजदीक से देखा है। लालबहादुर ने बताया कि वह छत पर सो रहा था, तभी उनके साथियों ने जगाया, बोले आग लग गई है। इस पर वे जीने से नीचे जाने लगे, लेकिन वहां धुआं काफी अधिक था, जिस कारण वे वहां फंस गए। श्याम, कुलदीप आदि ने बताया कि फायर ब्रिगेड कर्मियों ने उन्हें नीचे उतारने को सीढ़ी लगाई, लेकिन वह छोटी पड़ गई। बाद में पुलिस ने उनकी जान बचाई। सत्यप्रकाश ने बताया कि किचन में तीन चार सिलेंडर भी रखे हुए थे। यदि किचन तक आग पहुंच जाती तो और बड़ा नुकसान हो सकता था।  


शीशे तोड़कर धुआं निकाला
आग में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना किसी चुनौती से कम नहीं था। दमकल कर्मियों और पुलिस ने बड़ी मशक्कत कर उनकी जान बचाई।
दमकल कर्मी पानी से जीने का धुआं कम करने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन बात नहीं बन रही थी। उन्होंने सीढ़ियां लगाकर छत पर फंसे होटल कर्मियों को उतारने की कोशिश की, लेकिन वह छोटी पड़ गई। हाईड्रोलिक मशीन मंगाने के लिए अधिकारियों को फोन किए, जिसे पहुंचने में थोड़ा समय लगता। इस पर एफएसओ मुकेश कुमार और दमकल कर्मी हाथ में डंडे और सड़क पर पड़ी ईंट लेकर सीढ़ी पर चढ़े और होटल की पहली मंजिल पर लगे शीशों को तोड़ना शुरू कर दिया। शीशे टूटते ही अंदर भरा धुआं तेजी से बाहर निकलना शुरू हो गया। जिससे जीने में धुआं कम हो गया। इस पर वहां मौजूद इंस्पेक्टर सचिन मलिक और परतापुर दमकल कर्मी प्रवीण जीने पर चढ़कर होटल की छत पर पहुंचे और सभी को बाहर निकाला।


एक दूसरे का हाथ पकड़ा और दौड़ पडे़
छत पर फंसे होटल कर्मी सत्यप्रकाश, अभिषेक, वीरेंद्र, इंद्रजीत, लाल बहादुर, कुलदीप, अर्जुन और श्याम नीचे उतरने से डर रहे थे, लेकिन इंसपेक्टर ने उनका साहस बढ़ाया। एक दूसरे का हाथ पकड़वाकर सभी को जीने से ही नीचे उतरवाया। कर्मियों ने बताया कि होटल का रजिस्टर भी आग से जल गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed