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आरके जैन नहीं दे सके 17 लाख की नई करेंसी का हिसाब, अभी कार्रवाई है जारी

Tue, 20 Dec 2016 07:10 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Tue, 20 Dec 2016 07:10 PM IST
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RK Jain could not account for 17 million of new currency, so operation continues
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

अधिशासी अभियंता आरके जैन के आवास से 17 लाख रुपये की नई करेंसी बरामद होने से बैंक एक बार फिर संदेह के दायरे में हैं। आयकर विभाग के अफसरों ने आरके जैन से जब नई करेंसी के बाबत पूछा तो वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। आयकर टीम ने उनके बैंक खातों को खंगालना शुरू कर दिया है।

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दरअसल, आरके जैन के आवास से 17 लाख की नई करेंसी बरामद होने के बाद एक बार फिर बैंकों की भूमिका पर सवाल उठने लगे हैं। जहां आम लोगों को बैंकों से पांच से 10 हजार भी आसानी से नहीं मिल पा रहे, तो एक अभियंता के पास 15 लाख के नए नोट कहां से आ गए। आयकर विभाग के अफसरों ने आरके जैन से इस बारे में पूछा तो वह चुप्पी साध गए। सूत्रों के अनुसार आयकर विभाग की टीम ने जैन के पैन नंबर के आधार पर उनके कुछ बैंक खातों के बारे में पता किया है।
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इसी आधार पर आयकर टीम सिंडिकेट बैंक की ईव्ज चौराहा ब्रांच में पहुंची। यहां उनका काफी पुराना एकाउंट है। टीम ने उनके खाते संबंधी दस्तावेज और डिटेल चेक की। देखा गया कि नोटबंदी के बाद जैन ने अपने खाते में कितना लेनदेन किया है। लेकिन, टीम को ज्यादा कुछ नहीं मिला। सूत्रों के अनुसार आयकर विभाग उनके परिवार के सदस्यों के मेरठ, गाजियाबाद आदि स्थानों पर बैंक खातों का पता लगाकर उन्हें भी खंगालने की तैयारी में है। सिंडिकेट बैंक ईव्ज चौराहा ब्रांच के शाखा प्रबंधक डीके गुप्ता ने पूछने पर बताया कि आयकर विभाग की टीम को जांच में पूरा सहयोग किया गया। जैन का उनके बैंक में काफी पुराना एकाउंट है। नोटबंदी के बाद कोई खास ट्रांजैक्शन भी नहीं थी। टीम जांच पड़ताल के बाद चली गई।
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एक तीर से दो निशाने
आयकर विभाग की टीम आरके जैन और उनके परिवार के बैंक खातों की जांच कर दो जानकारियां हासिल करना चाहती है। पहली ये कि जैन परिवार के पास कुल कितनी नकदी है। दूसरा क्या नोटबंदी के बाद जैन परिवार के सदस्यों ने अपने बैंक खातों से 17 लाख की नई करेंसी निकाली है या नहीं। यदि बैंक एकाउंट से रकम निकालने की पुष्टि नहीं होती तो इस बात की संभावना बढ़ जाएगी कि आवास से बरामद नई करेंसी दूसरे दरवाजे से पुरानी करेंसी देकर बदली गई है या फिर किसी अन्य स्रोत से आई है। यह खेल कहां हुआ है, इसकी तह तक भी आयकर टीम पुख्ता सुबूतों के साथ पहुंचना चाहती है।


चर्चाओं में रही छापामारी
आरके जैन के आवास पर आयकर विभाग के छापे और उनके आवास से नई करेंसी बरामद होने की खबर शहर में चर्चा का विषय रही। बैंकों में भी इसकी चर्चाएं रहीं। हर कोई कयास लगा रहा था कि आखिर नई करेंसी कहां से आई। ये मेरठ के बैंक से निकली है या कहीं बाहर से आई है।

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