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शिक्षक के बिना जीवन संभवन नहीं, शिक्षकों को शॉल नहीं सम्मान चाहिए

Mon, 04 Sep 2017 08:35 PM IST
Updated Mon, 04 Sep 2017 08:35 PM IST
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शिक्षक के बिना जीवन संभवन नहीं, शिक्षकों को शॉल नहीं सम्मान चाहिए
मोहम्मद शाह आलम
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सरूरपुर।
कम्प्यूटर के अविष्कार से देश और समाज में नई क्रांति आई है। इसके बावजूद बच्चों में ज्ञान की ज्योति जगाने वाले शिक्षकों का महत्व बरकरार है। माता-पिता के बाद बच्चों को उचित शिक्षा देने में शिक्षकों का अहम स्थान है।
समाज में शिक्षक द्वारा दिए जाने वाले ज्ञान की जरूरत बरकरार रहेगी। वे अपने कर्म से इंजीनियर और डॉक्टर का निर्माण करते हैं। वर्ष 2010 में राष्ट्रपति शिक्षक अवार्ड से सम्मानित करनावल निवासी शिक्षक ऋषिपाल सिंह का कहना है कि शिक्षक बच्चों के अंदर भावना और संभावना का विकास करते हैं। जिससे वे उन्हें देश की तरक्की में भागीदार बनाते हैं। शिक्षक वह तस्वीर है जो दूसरों को ज्ञान का उजाला देकर उनके जीवन को उच्च विचारों से जुड़े कर्म कराकर ऊंचाइयों पर ले जाते हैं।
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वर्ष 2012 में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले करनावल निवासी फेरू सिंह शर्मा राष्ट्रपति शिक्षक पुरस्कार के लिए चयनित हुए। उनका कहना है कि आज के शिक्षक डा. सर्वपल्ली राधाकृष्णन से सीख लें। हर शिक्षक के अंदर स्वपुत्र सम्भाव की भावना निहित होनी चाहिए। तभी शिक्षक का वास्तविक रूप सामने आएगा। यह दिन डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के बहाने शिक्षकों को सम्मानित करने का है। हालांकि शिक्षकों के प्रति आदर भाव प्रकट करने की किसी विशेष अवसर की जरूरत नहीं होनी चाहिए। उनका आदर सत्कार तो दिल से किया जाता है। इस बहाने ही सही, गुरु-शिष्य के संबंधों की आदर्श परिभाषा को याद किया जाता है।
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वर्ष 2014 में राज्य शिक्षक पुरस्कार प्राप्त करने वाले याकूब अली सरूरपुर ब्लॉक क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय में अध्यापक हैं। उन्होंने शिक्षा के साथ स्कॉउट के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य किया है। इसके लिए उन्हें कई बार सम्मानित किया जा चुका है। उनका कहना है कि विद्यार्थी का व्यवहार शिक्षक के व्यक्तित्व पर निर्भर करता है। इसलिए दोनोंके बीच सकारात्मक भावना जरूरी है। वहीं, इस वर्ष राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए चयनित डाहर निवासी अय्यूब खां का कहना है कि शिक्षकों का सम्मान तो हर दिन और हर पल किया जाना चाहिए। हमें ज्ञान देने वाले उन शिक्षकों को सही मायने में पूजना चाहिए। उनके द्वारा प्रदान गुणों से हम समाज का सही मायने में कर्ज अदा कर पाएंगे।
मुख्य बातें
शिक्षक दिवस पर विशेष
ब्लॉक के चार शिक्षक हो चुके हैं सम्मानित
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