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आर्थिक तंगी से त्रस्त युवक ने फांसी लगाकर जान दी
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मथुरा। आर्थिक तंगी से परेशान युवक ने फांसी का फंदा लगाकर जान दे दी। युवक अपने दो भाइयों के साथ गुरुग्राम में नारियल बेचकर पेट पालता था। लॉकडाउन होने पर अपने दो भाइयों को छोड़कर घर आ गया और परेशान रहने लगा। युवक का शव रविवार सुबह पंखे से लटका मिला।
औरंगाबाद में सैनी धर्मशाला के निकट रहने वाला 22 वर्षीय युवक सौरभ सैनी पुत्र दिनेश सैनी दो भाईयों के साथ गुरुग्राम में नारियल बेचता था। लॉकडाउन के कारण काम खत्म हो गया। वह दोनों भाइयों को छोड़कर पिछले दिनों घर आ गया था। शनिवार को उसके घर पर गैस सिलिंडर खत्म हो गया। मां ऊषा देवी ने गैस लाने को कहा।
पैसा न होने के कारण वह अपने मामा के घर से गैस सिलिंडर लेकर आया। रात में खाना खाकर सो गया। रात में ही उसने मां के दुपट्टे से फंदा बनकर गले में डाल लिया और पंखे पर लटक गया। उसकी मां को बेटे की मौत की जानकारी सुबह हो सकी। रोने की आवाज सुनकर आसपासके लोग पहुंच गए और पुलिस को सूचना दी।
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पुलिस ने शव नीचे उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मां ऊषा देवी ने बताया कि घर में गैस सिलिंडर खत्म हो गया था, पैसा था नहीं। इससे सौरभ परेशान था। थानाध्यक्ष सदर बाजार सत्यपाल देशवाल ने बताया कि युवक ने आर्थिक तंगी के चलते आत्महत्या की है।
नहीं पहुंचा कोई अधिकारी
न राशन न गैस, घर में रोटियों के लाले, परंतु शासन-प्रशासन इससे अनभिज्ञ है। गैस के लिए पैसा न होने पर मानसिक रूप से परेशान युवक के फांसी लगाकर जान देने के बाद भी कोई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। मां ने रिश्तेदारों की मदद से अंतिम संस्कार की तैयारी की।
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औरंगाबाद में सैनी धर्मशाला के निकट रहने वाला 22 वर्षीय युवक सौरभ सैनी पुत्र दिनेश सैनी दो भाईयों के साथ गुरुग्राम में नारियल बेचता था। लॉकडाउन के कारण काम खत्म हो गया। वह दोनों भाइयों को छोड़कर पिछले दिनों घर आ गया था। शनिवार को उसके घर पर गैस सिलिंडर खत्म हो गया। मां ऊषा देवी ने गैस लाने को कहा।
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पैसा न होने के कारण वह अपने मामा के घर से गैस सिलिंडर लेकर आया। रात में खाना खाकर सो गया। रात में ही उसने मां के दुपट्टे से फंदा बनकर गले में डाल लिया और पंखे पर लटक गया। उसकी मां को बेटे की मौत की जानकारी सुबह हो सकी। रोने की आवाज सुनकर आसपासके लोग पहुंच गए और पुलिस को सूचना दी।
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पुलिस ने शव नीचे उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मां ऊषा देवी ने बताया कि घर में गैस सिलिंडर खत्म हो गया था, पैसा था नहीं। इससे सौरभ परेशान था। थानाध्यक्ष सदर बाजार सत्यपाल देशवाल ने बताया कि युवक ने आर्थिक तंगी के चलते आत्महत्या की है।
नहीं पहुंचा कोई अधिकारी
न राशन न गैस, घर में रोटियों के लाले, परंतु शासन-प्रशासन इससे अनभिज्ञ है। गैस के लिए पैसा न होने पर मानसिक रूप से परेशान युवक के फांसी लगाकर जान देने के बाद भी कोई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। मां ने रिश्तेदारों की मदद से अंतिम संस्कार की तैयारी की।