फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   Rambhadracharya Maharaj challenged Sant Premanand Maharaj to speak Sanskrit

UP: रामभद्राचार्य महाराज ने संत प्रेमानंद महाराज को दी संस्कृत बोलने की चुनौती, बोले- वो कोई विद्वान नहीं

Sun, 24 Aug 2025 10:20 PM IST
विकास कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वृंदावन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वृंदावन Published by: विकास कुमार Updated Sun, 24 Aug 2025 10:20 PM IST
सार

मैं आज खुलकर कह रहा हूं कि उन्होंने कहा कि वो तो मेरे बालक के समान हैं। 

विज्ञापन
Rambhadracharya Maharaj challenged Sant Premanand Maharaj to speak Sanskrit
रामभद्राचार्य महाराज ने संत प्रेमानंद महाराज को दी संस्कृत बोलने की चुनौती - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

श्री तुलसीपीठाश्वर जगद्गुरू रामभद्राचार्य महाराज ने संत प्रेमानंद को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि प्रेमानंद महाराज न तो विद्वान हैं और न ही वह चमत्कारी हैं। इतना ही नहीं उन्होंने यह भी कहा कि वह मेरे सामने संस्कृत बोलकर दिखाएं और मेरे श्लोकों को अर्थ समझा दें। वह तो इस अवस्था में भी मेरे बालक के सामान है।

विज्ञापन
Trending Videos

जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने एक यूट्यूब चैनल को दिए गए इंटरव्यू में कई मुद्दों पर बात की। इस दौरान जब उनसे पूछा गया कि सोशल मीडिया में कई लोग ऐसे हैं जो वृंदावन आते हैं और प्रेमानंद जी महाराज के लिए कहते हैं कि वह चमत्कार हैं इस पर जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने कहा कि कोई चमत्कार नहीं है, चमत्कार यदि है तो मैं चैलेंज करता हूं प्रेमानंद जी एक अक्षर मेरे सामने संस्कृत बोल कर दिखा दें, बस या मेरे कहे हुए संस्कृत श्लोकों का अर्थ समझा दें। मैं आज खुलकर कह रहा हूं कि उन्होंने कहा कि वो तो मेरे बालक के समान हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन

यहां तक उन्होंने कहा कि उनकी प्रसिद्धि क्षण भर की है। उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो वृंदावन के संतों में इस बात को लेकर आक्रोश पैदा हो गया। इसे लेकर वृंदावन के राधानंद गिरी महाराज के आश्रम पर संतों की बैठक हुई। 

विज्ञापन

बैठक में दिनेश फलहारी ने कहा कि रामभद्राचार्य बडे़ संत हैं। उन्हें अंहकार की ऐसी भाषा शोभा नहीं देती। उनकी वाणी में अहंकार झलक रहा है। महंत अभीदास और महेंद्र मधुसूदन महाराज ने कहा कि संत प्रेमानंद महाराज ने संतों को जोड़ने का काम किया है। उनके बारे में ऐसा बोला उचिन नहीं है। वहीं दिव्या कुमारी, रामविलास चतुर्वेदी ने उनके बयान की निंदा की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed