{"_id":"573f58564f1c1bf857ac7f60","slug":"nrisingh-jayanti-in-mathura","type":"story","status":"publish","title_hn":"नृसिंह लीला देख झूम उठे श्रद्धालु","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नृसिंह लीला देख झूम उठे श्रद्धालु
अमर उजाला वृंदावन
Updated Sat, 21 May 2016 12:03 AM IST
विज्ञापन
नृसिंह लीला देख झूम उठे श्रद्धालु
- फोटो : अमर उजाला वृंदावन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नृसिंह भगवान की जयंती शुक्रवार को धूमधाम के साथ मनाई गई। दोपहर में भगवान नृसिंह का अभिषेक किया और शाम को भव्य फूल बंगला सजाया गया। द्वारिकाधीश मंदिर में नृसिंह लीला देख श्रद्धालु आनंदित हो उठे।
द्वारिकाधीश मंदिर में संध्या आरती के बाद नृसिंह लीला का आयोजन किया गया। भक्त प्रहलाद की प्रार्थना पर खंभा फाड़कर भगवान नृसिंह प्रकट हुए और हिरण्यकश्यप का वध किया। इसके बाद नृसिंह नृत्य को देख श्रद्धालु रोमांचित हो उठे। इस अवसर पर श्रीधर चतुर्वेदी, राकेश तिवारी, बनवारी लाल चतुर्वेदी, पुरुषोत्तम, भोले, दयानाथ, बीएन चतुर्वेदी, सुरेश शर्मा, दीनानाथ शर्मा आदि थे। असकुंडा घाट पर प्राचीन नृसिंह मंदिर पर दोपहर में महामस्तकाभिषेक मुन्नालाल मिश्र टनाटन के आचार्यत्व में किया। शाम को भव्य फूलबंगला और रात 10 बजे महाआरती की गई। इस अवसर पर शरद मुखिया, अमित भारद्वाज, विनोद मिश्र आदि थे।
श्रीगोपाल वैष्णव पीठ मंदिर में नृसिंह यंत्र का वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पंचामृत से अभिषेक किया गया। इस अवसर पर गोपाल पीठाधीश्वर पुरुषोत्तम लाल ने जयंती के महत्व पर प्रकाश डाला। भूतेश्वर स्थित प्राचीन नृसिंह बगीची पर सुबह अभिषेक शाम को भव्य फूलबंगला सजाया गया।
विज्ञापन
गोवर्धन में चकलेश्वर स्थित नृसिंह भगवान के प्राचीन मंदिर पर भगवान नृसिंह का प्राकट्योत्सव विभिन्न कार्यक्रमों के साथ मनाया गया। भगवान नृसिंह का स्वतंत्रता सेनानी भंवर सिंह शर्मा और ज्योतिषाचार्य कैलाश चंद मिश्रा ने अभिषेक किया। शाम को भगवान नृसिंह का फूल बंगला सजाया गया। संचालन मोहित मिश्रा ने किया। इस अवसर पर योगेश रावत, चैतन्य कृष्ण शास्त्री, कुंजबिहारी भारद्वाज, अशोक अग्रवाल, लोकेश शर्मा, अखिलेश शर्मा, राम शर्मा, प्रेमशंकर उपाध्याय आदि उपस्थित थे।
विज्ञापन
द्वारिकाधीश मंदिर में संध्या आरती के बाद नृसिंह लीला का आयोजन किया गया। भक्त प्रहलाद की प्रार्थना पर खंभा फाड़कर भगवान नृसिंह प्रकट हुए और हिरण्यकश्यप का वध किया। इसके बाद नृसिंह नृत्य को देख श्रद्धालु रोमांचित हो उठे। इस अवसर पर श्रीधर चतुर्वेदी, राकेश तिवारी, बनवारी लाल चतुर्वेदी, पुरुषोत्तम, भोले, दयानाथ, बीएन चतुर्वेदी, सुरेश शर्मा, दीनानाथ शर्मा आदि थे। असकुंडा घाट पर प्राचीन नृसिंह मंदिर पर दोपहर में महामस्तकाभिषेक मुन्नालाल मिश्र टनाटन के आचार्यत्व में किया। शाम को भव्य फूलबंगला और रात 10 बजे महाआरती की गई। इस अवसर पर शरद मुखिया, अमित भारद्वाज, विनोद मिश्र आदि थे।
विज्ञापन
श्रीगोपाल वैष्णव पीठ मंदिर में नृसिंह यंत्र का वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पंचामृत से अभिषेक किया गया। इस अवसर पर गोपाल पीठाधीश्वर पुरुषोत्तम लाल ने जयंती के महत्व पर प्रकाश डाला। भूतेश्वर स्थित प्राचीन नृसिंह बगीची पर सुबह अभिषेक शाम को भव्य फूलबंगला सजाया गया।
विज्ञापन
गोवर्धन में चकलेश्वर स्थित नृसिंह भगवान के प्राचीन मंदिर पर भगवान नृसिंह का प्राकट्योत्सव विभिन्न कार्यक्रमों के साथ मनाया गया। भगवान नृसिंह का स्वतंत्रता सेनानी भंवर सिंह शर्मा और ज्योतिषाचार्य कैलाश चंद मिश्रा ने अभिषेक किया। शाम को भगवान नृसिंह का फूल बंगला सजाया गया। संचालन मोहित मिश्रा ने किया। इस अवसर पर योगेश रावत, चैतन्य कृष्ण शास्त्री, कुंजबिहारी भारद्वाज, अशोक अग्रवाल, लोकेश शर्मा, अखिलेश शर्मा, राम शर्मा, प्रेमशंकर उपाध्याय आदि उपस्थित थे।