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Mathura News: विश्व के सबसे ऊंचे चंद्रोदय मंदिर के हॉल में होगा महाभिषेक
Thu, 07 Sep 2023 12:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Updated Thu, 07 Sep 2023 12:45 AM IST
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वृंदावन (मथुरा)। वृंदावन में निर्माणाधीन विश्व के सबसे ऊंचे चंद्रोदय मंदिर के दक्षिण भाग में बने हॉल में पहली बार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर भगवान श्रीराधा वृंदावन चंद्र का महाभिषेक होगा। इसकी तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं।
चंद्रोदय मंदिर का दक्षिण भाग बनकर तैयार हो गया है। बृहस्पतिवार को कान्हा के जन्मोत्सव पर रात 12 बजे तक भगवान राधा वृंदावन चंद्र का महाभिषेक किया जाएगा। मंदिर के अध्यक्ष चंचलापति दास मंत्रोच्चार और शंखध्वनि के बीच महाभिषेक करवाएंगे।
मंदिर के मीडिया प्रभारी अभिषेक मिश्रा ने बताया कि वृंदावन चंद्रोदय मंदिर में 3750 वर्गमीटर का नवीन हॉल बनाया गया है, जिसमें भगवान की मूर्ति स्थापित की जा चुकी है। इस हॉल में रात आठ बजे लड्डू गोपाल का अभिषेक होगा। साढे आठ बजे भजन संध्या का आयोजन होगा। दस बजे महाभिषेक शुरू होगा।
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ठाकुर राधा वृंदावन चंद्र का 108 कलशों से अभिषेक किया जाएगा। फलों के रस, पंचामृत दूध, दही, घृत, शहर और बूरा, औषधियों और पुष्पों से महाभिषेक किया जाएगा। अभिषेक रात्रि 12 बजे तक चलेगा। इसके बाद महाआरती की जाएगी। विभिन्न शहरों से आए श्रद्धालुओं को ठाकुरजी का चरणामृत एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मंदिर का निर्माण नवंबर में पूरा हो जाएगा और इसी माह उद्घाटन की संभावना है।
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चंद्रोदय मंदिर का दक्षिण भाग बनकर तैयार हो गया है। बृहस्पतिवार को कान्हा के जन्मोत्सव पर रात 12 बजे तक भगवान राधा वृंदावन चंद्र का महाभिषेक किया जाएगा। मंदिर के अध्यक्ष चंचलापति दास मंत्रोच्चार और शंखध्वनि के बीच महाभिषेक करवाएंगे।
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मंदिर के मीडिया प्रभारी अभिषेक मिश्रा ने बताया कि वृंदावन चंद्रोदय मंदिर में 3750 वर्गमीटर का नवीन हॉल बनाया गया है, जिसमें भगवान की मूर्ति स्थापित की जा चुकी है। इस हॉल में रात आठ बजे लड्डू गोपाल का अभिषेक होगा। साढे आठ बजे भजन संध्या का आयोजन होगा। दस बजे महाभिषेक शुरू होगा।
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ठाकुर राधा वृंदावन चंद्र का 108 कलशों से अभिषेक किया जाएगा। फलों के रस, पंचामृत दूध, दही, घृत, शहर और बूरा, औषधियों और पुष्पों से महाभिषेक किया जाएगा। अभिषेक रात्रि 12 बजे तक चलेगा। इसके बाद महाआरती की जाएगी। विभिन्न शहरों से आए श्रद्धालुओं को ठाकुरजी का चरणामृत एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मंदिर का निर्माण नवंबर में पूरा हो जाएगा और इसी माह उद्घाटन की संभावना है।