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होरी सांवरौ ब्रजराज लड़ैतौ खेलन गहवर आयौ...
अमर उजाला ब्यूरो वृंदावन
Updated Thu, 10 Mar 2016 11:29 PM IST
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ठाकुर राधा बल्लभलाल
- फोटो : अमर उजाला वृंदावन
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धर्मनगरी वृंदावन के मंदिरों में होली के आयोजन शुरू हो गए हैं। ठाकुरजी ने फेंटा बांध लिया है और अब वे भक्तों को होली खेलने के लिए बुलावा भेज रहे हैं। गुरुवार को फुलेरा दौज से रंगपर्व की शृंखला शुरू हो गई।
राधाबल्लभ मंदिर में फाल्गुन मास शुक्ल पक्ष की द्वितीया (फुलेरा दौज) के दिन सेवायत गोस्वामियों ने ठाकुरजी के कमर में गुलाल का फेंटा बांध दिया। उनके सम्मुख चांदी की थालियों में गुलाल रखा गया और ठाकुर राधाबल्लभ श्वेत वस्त्र धारण कर भक्तों के साथ होली खेलने के लिए तैयार हो गए।
भाव सेवा के अनुरूप शृंगार आरती के बाद सेवायतों ने ठाकुरजी के गालों पर गुलाल लगाया। इसके बाद एक दूसरे को भी गुलाल लगाकर भक्तों पर भी गुलाल उड़ाया गया।
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राकेश मुखिया के नेतृत्व में ढप बजाकर होली के पद का गाए गए। ‘होरी सांवरौ ब्रजराज लड़ैतौ खेलन गहवर आयौ..., केसर नीर भरे कंचन घट कांवर सजि सजि लाये...’ पदों का गायन हुआ। इस अवसर पर मंदिर सेवायत चंदन गोस्वामी, मनोज गोस्वामी, गोपेश गोस्वामी, विष्णु वल्लभ गोस्वामी आदि ने भक्तों को प्रसाद बांटा।
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राधाबल्लभ मंदिर में फाल्गुन मास शुक्ल पक्ष की द्वितीया (फुलेरा दौज) के दिन सेवायत गोस्वामियों ने ठाकुरजी के कमर में गुलाल का फेंटा बांध दिया। उनके सम्मुख चांदी की थालियों में गुलाल रखा गया और ठाकुर राधाबल्लभ श्वेत वस्त्र धारण कर भक्तों के साथ होली खेलने के लिए तैयार हो गए।
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भाव सेवा के अनुरूप शृंगार आरती के बाद सेवायतों ने ठाकुरजी के गालों पर गुलाल लगाया। इसके बाद एक दूसरे को भी गुलाल लगाकर भक्तों पर भी गुलाल उड़ाया गया।
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राकेश मुखिया के नेतृत्व में ढप बजाकर होली के पद का गाए गए। ‘होरी सांवरौ ब्रजराज लड़ैतौ खेलन गहवर आयौ..., केसर नीर भरे कंचन घट कांवर सजि सजि लाये...’ पदों का गायन हुआ। इस अवसर पर मंदिर सेवायत चंदन गोस्वामी, मनोज गोस्वामी, गोपेश गोस्वामी, विष्णु वल्लभ गोस्वामी आदि ने भक्तों को प्रसाद बांटा।