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Govardhan Puja 2025: आज या कल...मथुरा में कब है गोवर्धन पूजा? जानें सही तारीख और कथा
Tue, 21 Oct 2025 12:17 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Tue, 21 Oct 2025 12:17 PM IST
सार
Govardhan Puja 2025: दिवाली के अगले दिन गोवर्धन पूजा होती है, लेकिन इस बार ऐसा नहीं है। 21 या 22 अक्तूबर में असमंजस है। आइये बताते हैं कि मथुरा के गोवर्धन में कब होगी पूजा।
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Govardhan Puja 2025:
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
दिवाली के दूसरे दिन ब्रजभूमि भक्ति और उल्लास से सराबोर होगी। गिरिराज धरण के चरणों में श्रद्धा का सागर उमड़ेगा। पूरे ब्रज में 22 अक्तूबर बुधवार गोवर्धन पूजा और अन्नकूट महोत्सव की धूम रहेगी।
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मान्यता है कि गिरिराजजी की परिक्रमा सर्वप्रथम श्रीकृष्ण ने ब्रजवासियों के साथ कर अन्नकूट प्रसाद समर्पित किया था। द्वापर युग से चली आ रही यह परंपरा आज भी ब्रज में प्रभु के यश का गान कर रही है। पौराणिक मान्यता के अनुसार ब्रजभूमि में कभी इंद्रदेव की पूजा होती थी। श्रीकृष्ण ने ब्रजवासियों को पूजा का त्याग कर गिरिराज पूजन का संदेश दिया। जब गिरिराज पूजा हुई तो ब्रजवासी अपने-अपने घरों से प्रसाद लेकर आए। कोई रोटी, पूड़ी-सब्जी लाया तो कोई खीर-दाल-मिठाई। प्रसाद इतना अधिक था कि गिरिराज पर्वत के समक्ष अन्न का पहाड़ लग गया। तभी से इस भोग का नाम ‘अन्नकूट’ पड़ा।
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इधर गिरिराज पूजन से क्रोधित इंद्रदेव ने ब्रजभूमि को जलप्रलय में डुबो दिया। इस दौरान सात वर्ष के बालक श्रीकृष्ण ने सात दिन-सात रात तक गोवर्धन पर्वत को बाएं हाथ की अंगुली पर धारण कर ब्रजवासियों की रक्षा की। इंद्र का अहंकार चूर हुआ और उन्होंने श्रीकृष्ण से क्षमा मांगी।
दूध की धाराओं से नहाएंगे गिरिराज महाराज
गोवर्धन के प्रमुख मंदिर दानघाटी, मुकुट मुखारविंद और जतीपुरा मुखारविंद में दूध से अभिषेक का बृहद आयोजन होगा। सुबह से शुरू हुई दूध की धार देर शाम तक नहीं रुकेगी। भक्त गिरिराज महाराज के चरणों में अन्नकूट का भोग समर्पित कर सात कोसीय परिक्रमा करेंगे।
गोवर्धन के प्रमुख मंदिर दानघाटी, मुकुट मुखारविंद और जतीपुरा मुखारविंद में दूध से अभिषेक का बृहद आयोजन होगा। सुबह से शुरू हुई दूध की धार देर शाम तक नहीं रुकेगी। भक्त गिरिराज महाराज के चरणों में अन्नकूट का भोग समर्पित कर सात कोसीय परिक्रमा करेंगे।
श्री गिरिराजजी का अन्नकूट प्रसादी वितरण 22 को
छावनी क्षेत्र में गोवर्धन पूजा महोत्सव 22 अक्तूबर को मनाया जाएगा। भगवान गिरिराज धरण की पूजा अर्चना छावनी क्षेत्र के निवासियों द्वारा हनुमान नगर स्थित विजय द्वार चौराहे पर की जाएगी। सामूहिक पूजन के बाद शाम 6 बजे 9 बजे तक अन्नकूट प्रसादी का वितरण किया जाएगा। ब्रज प्रेस क्लब के अध्यक्ष डॉ.कमलकांत उपमन्यु एडवोकेट ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी गिरिराजजी के अन्नकूूट प्रसाद का आयोजन धूमधाम से किया जाएगा।
छावनी क्षेत्र में गोवर्धन पूजा महोत्सव 22 अक्तूबर को मनाया जाएगा। भगवान गिरिराज धरण की पूजा अर्चना छावनी क्षेत्र के निवासियों द्वारा हनुमान नगर स्थित विजय द्वार चौराहे पर की जाएगी। सामूहिक पूजन के बाद शाम 6 बजे 9 बजे तक अन्नकूट प्रसादी का वितरण किया जाएगा। ब्रज प्रेस क्लब के अध्यक्ष डॉ.कमलकांत उपमन्यु एडवोकेट ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी गिरिराजजी के अन्नकूूट प्रसाद का आयोजन धूमधाम से किया जाएगा।
गोवर्धन पूजा 2025 शुभ मुहूर्त
इस साल गोवर्धन पूजा पर दोपहर 03 बजकर 13 मिनट से शाम 05 बजकर 49 मिनट तक शुभ मुहूर्त बन रहा है। इस तिथि पर स्वाति नक्षत्र और प्रीति का संयोग रहेगा। खास बात यह है कि इस दिन ग्रहों के राजा सूर्य तुला राशि में रहेंगे, जहां चंद्रमा भी गोचर करेंगे। ऐसे में पूजा के लिए यह समय कल्याणकारी रहने वाला है।
इस साल गोवर्धन पूजा पर दोपहर 03 बजकर 13 मिनट से शाम 05 बजकर 49 मिनट तक शुभ मुहूर्त बन रहा है। इस तिथि पर स्वाति नक्षत्र और प्रीति का संयोग रहेगा। खास बात यह है कि इस दिन ग्रहों के राजा सूर्य तुला राशि में रहेंगे, जहां चंद्रमा भी गोचर करेंगे। ऐसे में पूजा के लिए यह समय कल्याणकारी रहने वाला है।
गोवंश की कानसुनवाई कर दिया गोवर्धन पूजा के लिए निमंत्रण
नंदगांव पर दिवाली पर कस्बे के बंटावारी कुंज स्थित पुष्टिमार्गीय ठाकुर नवनीत प्रियाजी मंदिर में महिला सेवायत द्वारा गोवंश की कान सुनवाई की। दीपों की पंक्तियों से जगमगाते मंदिर प्रांगण में गोवंश को विशेष रूप से सजाकर लाया गया। ठाकुरजी के प्रतिनिधि सेवायतों ने गोपूजन कर गोवर्धन पूजा के लिए गोवंश को निमंत्रित किया।
दिवाली पर भक्तों ने ठाकुर नवनीत प्रियाजी के दर्शन कर दीपदान किया और आरती की। संध्या काल में भक्ति संगीत और रासलीला के गीतों से मंदिर परिसर भक्ति रस में डूब गया। सेवायत श्याम लाल शर्मा ने बताया कि दिवाली की रात ठाकुरजी स्वयं गोवंश की कान सुनवाई कर गोवर्धन पूजा की तैयारियों की शुरुआत करते हैं। वहीं रात में ठाकुर नवनीत प्रियाजी ने चौसर का आनंद लिया। मंगलवार को मंदिर में गोवर्धन पूजा और अन्नकूट महोत्सव का आयोजन किया गया।
नंदगांव पर दिवाली पर कस्बे के बंटावारी कुंज स्थित पुष्टिमार्गीय ठाकुर नवनीत प्रियाजी मंदिर में महिला सेवायत द्वारा गोवंश की कान सुनवाई की। दीपों की पंक्तियों से जगमगाते मंदिर प्रांगण में गोवंश को विशेष रूप से सजाकर लाया गया। ठाकुरजी के प्रतिनिधि सेवायतों ने गोपूजन कर गोवर्धन पूजा के लिए गोवंश को निमंत्रित किया।
दिवाली पर भक्तों ने ठाकुर नवनीत प्रियाजी के दर्शन कर दीपदान किया और आरती की। संध्या काल में भक्ति संगीत और रासलीला के गीतों से मंदिर परिसर भक्ति रस में डूब गया। सेवायत श्याम लाल शर्मा ने बताया कि दिवाली की रात ठाकुरजी स्वयं गोवंश की कान सुनवाई कर गोवर्धन पूजा की तैयारियों की शुरुआत करते हैं। वहीं रात में ठाकुर नवनीत प्रियाजी ने चौसर का आनंद लिया। मंगलवार को मंदिर में गोवर्धन पूजा और अन्नकूट महोत्सव का आयोजन किया गया।