असम राइफल्स के एक सैनिक ने फांसी लागकर दी जान, छह माह से नहीं जा रहा था नौकरी पर
पिछले छह माह से वह ड्यूटी पर नहीं जा रहा था। दो दिन पूर्व वह कहीं गया था। वहां से सोमवार सुबह करीब दस बजे घर पहुंचा। उस समय पर परिजन खेत पर गेहूं काटने गए थे। शाम को जब वह वापस आए तब विनीत का कमरा बंद था। परिजनों ने आवाज दी। कोई जवाब न मिलने पर उन्होंने दरवाजे से झांक कर देखा तो वह छत में लगे कुंडे से साड़ी के फंदे से लटक रहा था।
सैनिक का शव देख घर में मच गया कोहराम
परिजनों ने दरवाजा तोड़कर शव को फंदे से उतार लिया। परिजनों ने रिश्तेदारियों में रात को ही सूचना देे दी। पर पुलिस को मंगलवार सुबह जानकारी दी। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेज दिया। विनीत की पत्नी कंचन, बेटा अर्पिता(5) व बेटा प्रतीक(3) है। कंचन अपने मायके गई थी। जानकारी मिलने पर वह बच्चों के साथ घर पहुंच गई।
मां गीता देवी का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। एक छोटा भाई पुनीत है। पिता मुनीम सिंह यादव खेती करते हैं। मदनपुर चौकी इंचार्ज वीरेंद्र सिंह जादौन ने बताया कि विनीत शराब पीने का आदी था। इसके चलते ही वह नौकरी पर नहीं जाता था। इससे ही वह तनाव में रहता था। परिजनों ने शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए तहरीर दी है।