दो विभागों की अनदेखी के बीच खत्म हो रहा दुर्लभ पेड़: 150 साल पुराने बरगद के पेड़ की आए दिन होती है छंटाई
रविवार को मामला सामने आने के बाद वन विभाग की तरफ से पड़ताल की गई तो बताया गया कि छंटनी की अनुमति दी गई है, जबकि विभाग के अधिकारियों को इसकी जानकारी ही नहीं है। बरगद का यह पेड़ दो घरों के बीच की जगह पर है।
स्थानीय लोगों के अनुसार इसकी आयु करीब 150 वर्ष है। बताया जा रहा है कि यहां पर पार्क विकसित करने के नाम पर इसकी आए दिन छंटाई की जाती है। स्थानीय लोगों की शिकायत पर जब स्थानीय पुलिस और वन विभाग के दरोगा रूप किशोर मौके पर पहुंचे तो उन्हें बताया गया कि काटने की अनुमति ली गई है।
इस मामले की शिकायत आई है। सोमवार को इसकी पूरी तहकीकात की जाएगी। पता चला है कि छंटनी की अनुमति नगर निगम से दी गई है। दुर्लभ पेड़ों की छंटनी किस तरह से की जा रही है, इसकी जांच की जाएगी।
अरविंद यादव डीएफओ
मेरी तरफ से इस तरह की कोई अनुमति नहीं दी गई है। इतने पुराने पेड़ को इस तरह से काटकर खत्म करने की जांच होनी चाहिए। इसके खिलाफ कार्रवाई भी की जानी चाहिए।
वीके सिंह उद्यान अधीक्षक, नगर निगम