{"_id":"5d4eb0798ebc3e6cb370e338","slug":"pm-modi-s-guru-will-give-honorary-title-to-dr-nagendra","type":"story","status":"publish","title_hn":"पीएम मोदी के गुरु डॉ. नागेंद्र को मानद उपाधि देने की तैयारी, सीएसजेएमयू ने राज्यपाल से मांगी अनुमति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पीएम मोदी के गुरु डॉ. नागेंद्र को मानद उपाधि देने की तैयारी, सीएसजेएमयू ने राज्यपाल से मांगी अनुमति
Sat, 10 Aug 2019 05:31 PM IST
शिखा पांडेय
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sat, 10 Aug 2019 05:31 PM IST
विज्ञापन
पीएम मोदी के गुरु डॉ. नागेंद्र
- फोटो : सोशल मीडिया
कानपुर स्थित छत्रपति शाहू जी महाराज विवि का 11 सितंबर को होने वाला दीक्षांत समारोह बेहद खास होगा। इस दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के योग गुरु डॉ. एचआर नागेंद्र को मानद उपाधि से सम्मानित करने की तैयारी है। इसके लिए विवि प्रशासन ने प्रस्ताव तैयार करके राज्यपाल के पास भेजा है। एचआर नागेंद्र के हाथों ही विवि में तैयार हो रहे योग केंद्र का शुभारंभ भी किया जाएगा।
डॉ. नागेंद्र स्वामी विवेकानंद योग अनुसंधान संस्थान के संस्थापक कुलपति हैं। वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निजी योग गुरु के तौर पर पूरी दुनिया में जाने जाते हैं। 2016 में उन्हें केंद्र सरकार ने पद्मश्री सम्मान से भी सम्मानित किया है।
समारोह की कई विभूतियां छात्रों से करेंगी संवाद
दीक्षांत समारोह में कई अतिथि छात्रों से रूबरू भी होंगे। यह पहला मौका होगा, जब मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि या मानद उपाधि प्राप्तकर्ता छात्रों से कार्यक्रम के बाद सीधा संवाद करेंगे। समारोह के लिए अभी अतिथियों का नाम अंतिम रूप से तय नहीं हुआ है।
विज्ञापन
नई राज्यपाल ने समारोह में किया है बदलाव
प्रदेश की नई राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने विश्वविद्यालयों के दीक्षांत समारोह में कई तरह के बदलाव करने के लिए सभी कुलपतियों को पत्र भेजा है। इसके मुताबिक दीक्षांत समारोह के बाद विश्वविद्यालय के अन्य छात्रों को भी समारोह के अतिथियों से रूबरू कराया जाए। इस वर्ष पहली बार दीक्षांत में प्राइमरी स्कूल के बच्चों को अतिथि के रूप में बैठाया जाएगा। उन्हें आमंत्रित करने के लिए राजभवन ने निर्देश दिया है।
दूसरे विवि के कुलपतियों को नहीं करेंगे आमंत्रित
राजभवन से मिले निर्देशों के मुताबिक अब किसी भी विवि के दीक्षांत समारोह में दूसरे विवि के कुलपतियों को नहीं बुलाया जाएगा। राजभवन ने सभी कुलपतियों को निर्देश जारी कर दिया है। दीक्षांत में डिग्री लेने के बाद छात्र समाज के प्रति अपना कर्तव्य निर्वहन करें, इसके लिए समाज के प्रति उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वयं सहायता समूह के सदस्यों को आमंत्रित किया जाएगा, जिनसे छात्र प्रेरणा ले सकें।
विज्ञापन
डॉ. नागेंद्र स्वामी विवेकानंद योग अनुसंधान संस्थान के संस्थापक कुलपति हैं। वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निजी योग गुरु के तौर पर पूरी दुनिया में जाने जाते हैं। 2016 में उन्हें केंद्र सरकार ने पद्मश्री सम्मान से भी सम्मानित किया है।
विज्ञापन
समारोह की कई विभूतियां छात्रों से करेंगी संवाद
दीक्षांत समारोह में कई अतिथि छात्रों से रूबरू भी होंगे। यह पहला मौका होगा, जब मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि या मानद उपाधि प्राप्तकर्ता छात्रों से कार्यक्रम के बाद सीधा संवाद करेंगे। समारोह के लिए अभी अतिथियों का नाम अंतिम रूप से तय नहीं हुआ है।
विज्ञापन
नई राज्यपाल ने समारोह में किया है बदलाव
प्रदेश की नई राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने विश्वविद्यालयों के दीक्षांत समारोह में कई तरह के बदलाव करने के लिए सभी कुलपतियों को पत्र भेजा है। इसके मुताबिक दीक्षांत समारोह के बाद विश्वविद्यालय के अन्य छात्रों को भी समारोह के अतिथियों से रूबरू कराया जाए। इस वर्ष पहली बार दीक्षांत में प्राइमरी स्कूल के बच्चों को अतिथि के रूप में बैठाया जाएगा। उन्हें आमंत्रित करने के लिए राजभवन ने निर्देश दिया है।
दूसरे विवि के कुलपतियों को नहीं करेंगे आमंत्रित
राजभवन से मिले निर्देशों के मुताबिक अब किसी भी विवि के दीक्षांत समारोह में दूसरे विवि के कुलपतियों को नहीं बुलाया जाएगा। राजभवन ने सभी कुलपतियों को निर्देश जारी कर दिया है। दीक्षांत में डिग्री लेने के बाद छात्र समाज के प्रति अपना कर्तव्य निर्वहन करें, इसके लिए समाज के प्रति उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वयं सहायता समूह के सदस्यों को आमंत्रित किया जाएगा, जिनसे छात्र प्रेरणा ले सकें।