फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   News of relief for India China both are ahead in spreading greenery

भारत-चीन के लिए राहत की खबर: नासा का 17 सालों का अध्ययन, पेश है ये रिपोर्ट

Mon, 18 Feb 2019 02:36 PM IST
दुष्यंत शर्मा यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Mon, 18 Feb 2019 02:36 PM IST
विज्ञापन
News of relief for India China both are ahead in spreading greenery
डेमो
प्रदूषण बढ़ाने को लेकर बदनामी झेल रहे भारत-चीन के लिए राहत की खबर है। नासा की रिपोर्ट से साफ हुआ है कि ये दोनों देश दुनिया को हरा-भरा करने में भी सबसे आगे हैं। रविवार को छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय में आयोजित सेमिनार में पहुंचे फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया (मिनिस्ट्री ऑफ इनवायरमेंट फारेस्ट एंड क्लाइमेट चेंज) के डायरेक्टर जनरल डॉ. सुभाष आशुतोष ने यह जानकारी दी।
विज्ञापन


बातचीत में बताया कि बीते शुक्रवार को ही नासा ने यह रिपोर्ट जारी की है। डॉ. सुभाष के मुताबिक पर्यावरण पर सबसे अधिक दुष्प्रभाव 1990 से 1999 के बीच पड़ा था। तब देश में फॉरेस्ट एंड ट्री कवर एरिया महज 22.26 फीसदी था। सामान्य तौर पर देश में यह क्षेत्रफल 33 फीसदी होना चाहिए। वर्ष 2010 के बाद निरंतर प्रयास के चलते वर्तमान में 24.39 फीसदी एरिया हो चुका है।
विज्ञापन

जंगलों में लग रही आग पर भी चिंता जाहिर की

डॉ. सुभाष ने बताया कि नासा के वैज्ञानिकों ने सेटेलाइट से वर्ष 2000 से 2017 के बीच दुनिया के सभी देशों का अध्ययन किया था। अध्ययन के बाद नासा ने शुक्रवार को रिपोर्ट प्रस्तुत की। रिपोर्ट में चीन और भारत हरियाली फैलाने में सबसे आगे हैं, जबकि ब्राजील, इंडोनेशिया और अफ्रीकन देशों में हरियाली को लेकर गिरावट आई है। डॉ. सुभाष कहते हैं कि भले ही वहां प्रदूषण कम है, लेकिन जितनी हरियाली होनी चाहिए, वह नहीं है।

डॉ. सुभाष कहते हैं कि नासा की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में 82 फीसदी कृषि भूमि है और चीन में 42 प्रतिशत वन और 32 प्रतिशत कृषि क्षेत्र है। मौजूदा समय चीन अपने यहां वन क्षेत्र बढ़ाने का प्रयास कर रहा है, जबकि भारत में अभी हमारा फोकस है कि जंगल के बाहर हरियाली बढ़ाई जाए। उन्होंने जंगलों में लग रही आग पर भी चिंता जाहिर की। बताया पिछले वर्ष 32 हजार स्थानों पर आग लगी थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed