Kanpur: MBBS छात्रा की इलाज के दौरान मौत, संदिग्ध हालातों में पिया था जहर, अज्ञात युवक ने कराया था भर्ती
Kanpur Crime: जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज की एमबीबीएस द्वितीय वर्ष की छात्रा ने जहरीला पदार्थ पिया था। उसे अज्ञात युवक द्वारा जून को भर्ती कराया गया था। छात्रा की गंभीर हालत देखते हुए वेंटिलेटर पर रखा गया था। बुधवार सुबह छह बजे इलाज के दौरान छात्रा की मौत हो गई।
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कानपुर में जहरीला पदार्थ खाने से नाजुक हालत में भर्ती मेडिकल छात्रा तान्या सिंह की बुधवार सुबह मौत हो गई। जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि मंगलवार को रोगी ने हाथ-पैर हिलाए थे, लेकिन खतरे से बाहर नहीं थी। डॉक्टरों की टीम उसके इलाज में जुटी रही।
हर दो घंटे में मेडिकल कॉलेज प्रबंधन छात्रा की सेहत का अपडेट ले रहा था। छात्रा के परिजन घटना से सकते में हैं और खामोश हैं। घटना का कारण जानने के लिए छात्रा के सोशल मीडिया एकाउंट की भी छानबीन की जा रही है। इससे पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटना का कारण क्या है?
इलाज करने वाले डॉक्टर यह मान रहे हैं कि उसने कुछ जहरीला पदार्थ खाया है। मेडिकल छात्रा तान्या सिंह की स्थिति को लेकर दिन भर मेडिकल कॉलेज में हलचल रही। शुक्रवार को जब उसे भर्ती किया गया था तो माना जा रहा था कि शायद लू लग गई। रविवार से हालत अचानक बिगड़नी शुरू हुई।
छात्रा ने जहरीला पदार्थ क्यों खाया
सांस तंत्र फेल होने के लक्षणों की भनक लगते ही उसे वेंटिलेटर पर कर दिया गया, लेकिन एक्यूट रेस्पेरेटरी सिंड्रोम की स्थिति अभी बनी हुई है। इसके साथ ही बेड पर ही उसके पेट का अल्ट्रासाउंड किया। जहरीले पदार्थ के दुष्प्रभाव से उसके अंगों में पानी आ रहा है। सवाल अब भी बना हुआ है कि उसने जहरीला पदार्थ खाया क्यों?
बाहर रहने की वजह से साथियों से कम मिलती थी
बताया जा रहा है कि छात्रा के पास हॉस्टल में कमरा तो था, लेकिन वह बाहर कल्याणपुर में रहती थी। स्थानीय होने की वजह से उसकी साथी समझती थीं कि वह अपने घर में परिजनों के साथ रहती है। उसकी कक्षा की साथियों से भी पूछताछ की। यह बताया गया कि वह मिलनसार नहीं थी। उसकी समस्याओं का भी किसी को पता नहीं है।
मेडिकल कॉलेज में गठित होगा हैप्पीनेस सेल
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने कॉलेज की आरोग्य कमेटी को निर्देश दिए हैं कि हैप्पीनेस सेल का गठन किया जाए। आरोग्य कमेटी की नोडल अधिकारी डॉ. सीमा द्विवेदी ने बताया कि जल्दी ही हैप्पीनेस सेल का गठन कर दिया जाएगा। इसमें छात्र-छात्राएं आकर अपनी दिक्कतों को साझा कर सकते हैं।