Kanpur: मीटरों की हेराफेरी में एक जेई, दो टेक्नीशियन और निलंबित, पढ़ें पूरा मामला
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मीटरों में रीडिंग स्टोर करने और फिर मीटरों को अवैध तरीके से बदलने के खेल में केस्को प्रबंधन ने शनिवार को टेस्ट डिवीजन के जेई और दो टेक्नीशियन को निलंबित कर दिया है। इससे पहले 31 अगस्त को दो एक्सईएन और एक जेई को निलंबित किया गया था। दरअसल, उपभोक्ताओं के घरों में बगैर वैध तरीका अपनाए मीटरों में स्टोर रीडिंग का साक्ष्य खत्म करने के लिए शून्य रीडिंग के मीटर लगाए गए थे।
इन मीटरों के नंबर केस्को के रिकॉर्ड में दर्ज मीटरों से अलग थे। टेस्ट डिवीजन से ही मीटरों को उपभोक्ताओं के घरों में लगाया जाता है। केस्को के टेस्ट डिवीजन तृतीय के जूनियर इंजीनियर अनूप कुमार सिंह, टेक्नीशियन योगेंद्र कुमार और टेस्ट डिवीजन द्वितीय के टेक्नीशियन महेंद्र यादव को निलंबित किया गया है।
इस मामले की जांच अधीक्षण अभियंता आरिफ अहमद की तीन सदस्यीय कमेटी कर रही है। 31 अगस्त को मीटरों की हेराफेरी के मामले में टेस्ट डिवीजन द्वितीय के अधिशासी अभियंता वीके सिंह और टेस्ट डिवीजन तृतीय के अधिशासी अभियंता रजनीश कुलश्रेष्ठ के अलावा पराग डेयरी के जेई मुलायम सिंह यादव को निलंबित किया गया था।
यह था मामला
28 अगस्त को केस्को की टीमों को साकेत नगर के सेक्टर डब्ल्यू वन में 58 उपभोक्तओं के घरों में कनेक्शन की अनियमितता मिली थी। इसमें 38 बिजली मीटरों में रीडिंग स्टोर थी और 20 मीटरों को अवैध तरीके से बदला गया था। दोनों का उद्देश्य उपभोक्ता के साथ मिलकर बिजली चोरी करना था। रीडिंग स्टोर करने का काम आउटसोर्सिंग कंपनी केएंडडी के मीटर रीडर कर रहे थे।
मीटरों को बदलाने में केस्को के टेस्ट डिवीजन के इंजीनियरों और एक्सईएन की भूमिका मिली थी। दो एक्सईएन और एक जेई पर निलंबन की कार्रवाई होने पर इंजीनियरों ने प्रबंधन के समक्ष यह बात रखी कि यह घटन निचले स्तर के कर्मचारियों की भूमिका से हुई है। एक्सईएन उस डिवीजन का मुखिया होता है, इसलिए उन्हें जिम्मेदार मानते हुए कार्रवाई की गई है लेकिन जिस स्तर से यह अनियमितता अंजाम दी गई, उन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। इसके बाद तीन और को निलंबित किया गया है।