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कानपुर: कारोबारियों और निर्यातकों को बड़ी राहत, अब मात्र 10 दिन में मिलेगा जीएसटी रिफंड, नियमों में हुआ बदलाव
Tue, 13 Oct 2026 04:21 PM IST
Himanshu Awasthi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: Himanshu Awasthi
Updated Tue, 13 Oct 2026 04:21 PM IST
सार
Kanpur News: कानपुर के व्यापारियों और निर्माताओं के लिए जीएसटी परिषद ने बड़ी राहत का ऐलान किया है। अब इन्वर्टेड ड्यूटी स्ट्रक्चर के तहत मिलने वाला रिफंड 15 दिन के बजाय मात्र 10 दिन में मिलेगा। इसके साथ ही, पांच करोड़ रुपये तक की बिक्री वाले कारोबारियों को त्रैमासिक जीएसटी भुगतान की शर्त पर वार्षिक रिटर्न दाखिल करने की सुविधा मिलेगी।
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संतोष कुमार गुप्ता
- फोटो : amar ujala
विस्तार
कानपुर में जीएसटी परिषद ने कारोबारियों और निर्यातकों को कई राहतें दी हैं। अब रिफंड प्रक्रिया को तेज किया जाएगा और छोटे कानूनी विवादों को कम करने का प्रस्ताव है। निर्माताओं और निर्यातकों को इन्वर्टेड ड्यूटी स्ट्रक्चर के तहत रिफंड अब 10 दिन में मिलेगा। पहले यह अवधि 15 दिन थी, जिससे पूंजी अधिक समय तक फंसी रहती थी।
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मर्चेंट चैंबर आफ उत्तर प्रदेश की जीएसटी कमेटी के चेयरमैन अधिवक्ता संतोष कुमार गुप्ता ने बताया कि जोखिम प्रबंधन के तहत 90 फीसदी रिफंड अधिकारी द्वारा जारी किए जाएंगे। नकद बही का पैसा स्वचालित तरीके से सीधे कारोबारी के बैंक खाते में आएगा। इनपुट सेवाएं का रिफंड एक नवंबर 2026 से दिया जाएगा। पूंजीगत वस्तुएं, संयंत्र और मशीनरी आदि का रिफंड एक अप्रैल 2027 से मिलेगा। अर्थदंड आदेश के विरुद्ध अपील के लिए अधिकतम प्री डिपॉजिट 40 करोड़ रुपये घटाया गया है। इसमें 20 करोड़ सीजीएसटी और 20 करोड़ एसजीएसटी शामिल हैं।
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त्रैमासिक करना होगा जीएसटी का भुगतान
उन्होंने बताया कि एक राज्य से दूसरे राज्य माल परिवहन के दौरान पड़ने वाले राज्य में वहां के राज्यकर के अधिकारी अब वाहनों की जांच नहीं कर सकेंगे। प्रांत के अंदर भी वाहनों को केवल विशेष गुप्त सूचना और संयुक्त आयुक्त की अनुमति से ही रोका जाएगा। एक ही पंजीकरण आवेदन से कई राज्यों का जीएसटी पंजीकरण अब संभव हो गया है। पांच करोड़ रुपये तक की बिक्री वाले कारोबारियों को वार्षिक रिटर्न दाखिल करने की सुविधा मिलेगी। इसके लिए शर्त है कि उन्हें जीएसटी का भुगतान त्रैमासिक करना होगा।