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हाईस्कूल का 99.11, इंटर का 98.54 % रहा रिजल्ट, 52 सीआईएससीई स्कूलों में 98 % के परिणाम शत-प्रतिशत
Wed, 08 May 2019 12:04 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Wed, 08 May 2019 12:04 AM IST
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खुशी मनाते बच्चे
- फोटो : अमर उजाला
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काउंसिल फॉर दि इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (सीआईएससीई) की 10वीं और 12वीं का रिजल्ट पिछले बार की अपेक्षा इस बार काफी बेहतर हैं। पिछले छह सालों में सबसे अच्छा रिजल्ट इस बार रहा है। काउंसिल से संबद्ध शहर में कुल 52 स्कूल हैं। इनमें 98 प्रतिशत स्कूलों का परिणाम इस बार 100 प्रतिशत रहा है।
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विशेषज्ञों के मुताबिक इन आंकड़ों के अनुसार अगर ओवरऑल शहर का रिजल्ट ग्राफ देखा जाए तो हाईस्कूल में इस बार 99.11 प्रतिशत छात्र-छात्राओं ने सफलता हासिल की है जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 99 प्रतिशत था। वहीं, इंटरमीडिएट में 98.54 प्रतिशत छात्रों ने सफलता हासिल की। पिछली बार इंटर का परिणाम 98 प्रतिशत था।
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पिछली बार हुए बदलाव से रिजल्ट में बढ़ोतरी
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कानपुर में इस बार इंटरमीडिएट के करीब 3273 छात्र-छात्राओं ने परीक्षा दी थी जबकि हाईस्कूल में 3721 छात्र परीक्षा में शामिल हुए थे। खास बात है कि इनमें करीब 69 प्रतिशत ऐसे छात्र हैं जिनको 90 प्रतिशत से अधिक अंक मिले हैं। मंगलवार दोपहर तीन बजे परिणाम जारी होते ही छात्रों में खुशी की लहर दौड़ पड़ी। छात्र-छात्राएं रिजल्ट देखने के बाद शिक्षकों से मिलने स्कूल पहुंच गए। यहां शिक्षकों ने छात्रों को मिठाई खिलाकर उन्हें आशीर्वाद दिया।
दरअसल, सत्र 2017-18 से काउंसिल ने 10वीं और 12वीं के पासिंग पर्सेंटेज में बदलाव किया है। इसके मुताबिक इस बार 10वीं में 33 प्रतिशत और 12वीं में 35 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले छात्रों को भी उत्तीर्ण माना गया है। जबकि इसके पहले यानी सत्र 2016-17 में 10वीं का पासिंग पर्सेंटेज 35 और 12वीं का 40 प्रतिशत था। इस बार ग्रेस मार्क नहीं थे। ग्रेस मार्क के बदले मूल्यांकन में थोड़ी ढील दी गई है।
पिछले छह साल के रिकॉर्ड
हाईस्कूल
वर्ष उत्तीर्ण प्रतिशत
2014 89
2015 89.78
2016 93
2017 95
2018 99
2019 99.11
इंटरमीडिएट
वर्ष उत्तीर्ण प्रतिशत
2014 87.98
2015 88.15
2016 90
2017 93
2018 98
2019 98.54
दरअसल, सत्र 2017-18 से काउंसिल ने 10वीं और 12वीं के पासिंग पर्सेंटेज में बदलाव किया है। इसके मुताबिक इस बार 10वीं में 33 प्रतिशत और 12वीं में 35 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले छात्रों को भी उत्तीर्ण माना गया है। जबकि इसके पहले यानी सत्र 2016-17 में 10वीं का पासिंग पर्सेंटेज 35 और 12वीं का 40 प्रतिशत था। इस बार ग्रेस मार्क नहीं थे। ग्रेस मार्क के बदले मूल्यांकन में थोड़ी ढील दी गई है।
पिछले छह साल के रिकॉर्ड
हाईस्कूल
वर्ष उत्तीर्ण प्रतिशत
2014 89
2015 89.78
2016 93
2017 95
2018 99
2019 99.11
इंटरमीडिएट
वर्ष उत्तीर्ण प्रतिशत
2014 87.98
2015 88.15
2016 90
2017 93
2018 98
2019 98.54