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UP: मुंबई में मृत छात्र के परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, दो करोड़ के प्रोजेक्ट पर काम कर रहा था अंकित
Mon, 12 Dec 2022 07:42 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 12 Dec 2022 07:42 PM IST
सार
अंकित सिंह की मौत के मामले में परिजनों ने आरोप लगाया कि मुंबई पहुंचने के बाद उन्हें बेटे का शव तक नहीं दिखाया गया। आनन-फानन पोस्टमार्टम कराकर शव का अंतिम संस्कार करा दिया गया।
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अंकित सिंह की फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मुंबई विश्वविद्यालय में रहकर पढ़ाई कर रहे कानपुर के बर्रा दो निवासी अंकित सिंह (22) की मौत के मामले में परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है। आरोप है कि मुंबई पहुंचने के बाद उन्हें शव तक नहीं दिखाया गया। जल्दी से पोस्टमार्टम कराकर शव का अंतिम संस्कार करा दिया गया।
अंकित सिंह की मंगलवार को संदिग्ध हालत में मौत हो गई थी। वह अहमदाबाद के एक प्रोजेक्ट के तहत सैटेलाइट बनाने का काम भी कर रहा था। मां गीता ने बताया कि मंगलवार को विश्वविद्यालय से फोन आया और बेटे की मौत की जानकारी दी। वे लोग बुधवार को पहुंचे तो विश्वविद्यालय के लोगों ने बेटे को देखने तक नहीं दिया। पोस्टमार्टम के शव भी घर नहीं लाने दिया। वहीं पर अंतिम संस्कार करा दिया गया। बेटे के गले में चोट के निशान थे।
दो साथियों ने खुद को प्रोजेक्ट से किया अलग
मां गीता व शिव कुमार सिंह ने बताया कि अंकित दो साथियों के साथ दो करोड़ के प्रोजेक्ट में काम कर रहा था। एक दिन दोनों दोस्तों ने खुद को प्रोजेक्ट से अलग कर लिया। इसके बाद से अंकित अकेला ही उस प्रोजेक्ट में लगा था।
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अंकित सिंह की मंगलवार को संदिग्ध हालत में मौत हो गई थी। वह अहमदाबाद के एक प्रोजेक्ट के तहत सैटेलाइट बनाने का काम भी कर रहा था। मां गीता ने बताया कि मंगलवार को विश्वविद्यालय से फोन आया और बेटे की मौत की जानकारी दी। वे लोग बुधवार को पहुंचे तो विश्वविद्यालय के लोगों ने बेटे को देखने तक नहीं दिया। पोस्टमार्टम के शव भी घर नहीं लाने दिया। वहीं पर अंतिम संस्कार करा दिया गया। बेटे के गले में चोट के निशान थे।
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दो साथियों ने खुद को प्रोजेक्ट से किया अलग
मां गीता व शिव कुमार सिंह ने बताया कि अंकित दो साथियों के साथ दो करोड़ के प्रोजेक्ट में काम कर रहा था। एक दिन दोनों दोस्तों ने खुद को प्रोजेक्ट से अलग कर लिया। इसके बाद से अंकित अकेला ही उस प्रोजेक्ट में लगा था।
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