{"_id":"6a19e10bc65269674400a756","slug":"when-the-surgeon-failed-to-arrive-a-normal-delivery-was-arranged-the-baby-born-six-years-after-the-marriage-died-jaunpur-news-c-193-1-svns1023-156019-2026-05-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jaunpur News: सर्जन नहीं आया तो करा दिया नार्मल प्रसव, विवाह के छह साल बाद पैदा शिशु की मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jaunpur News: सर्जन नहीं आया तो करा दिया नार्मल प्रसव, विवाह के छह साल बाद पैदा शिशु की मौत
विज्ञापन
जौनपुर जंक्शन पर स्थित आरक्षण काउंटर पर तत्काल टिकट के लिए लगी भीड़।
मछलीशहर। प्रयागराज-जौनपुर मार्ग पर चुंगी चौराहे के समीप जीवन रक्षा हॉस्पिटल में शुक्रवार को प्रसव के दौरान नवजात की मौत हो गई। परिजनों ने बच्चे की मौत के लिए डॉक्टरों को जिम्मेदार मानते हुए हंगामा शुरू कर दिया।
घटना के बाद अस्पताल के डॉक्टर और स्टाफ मौके से भाग गए। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल को सील कर दिया है। नगर के अस्पताल में प्रसव के दौरान एक दिन के अंतराल पर होने वाली मौत की यह दूसरी घटना है।
सुजानगंज क्षेत्र के बेरमाव निवासी विनोद पटेल ने बताया कि शुक्रवार की सुबह 7 बजे वह अपनी ससुराल टटेहरा गांव से गर्भवती पत्नी अंजू (26) को लेकर मिर्जापुर नहर के पास में रहने वाली नर्स पुष्पा के पास पहुंचे।
विज्ञापन
पुष्पा ने बच्चा उल्टा होने की बात कही और उन्हें लेकर जीवन रक्षा हॉस्पिटल में आई। अस्पताल पहुंचने के बाद ऑपरेशन के लिए सर्जन नहीं मिलने पर नार्मल प्रसव कराने लगे। गर्भस्थ शिशु उल्टा होने के कारण प्रसव के दौरान उसकी मौत हो गई। विवाह के छह साल बाद गर्भ के आए शिशु की मौत होने के बाद परिजन आक्रोशित हो गए और हंगामा करने लगे।
घटना की सूचना पुलिस और स्वास्थ्य विभाग को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल को सील कर मामले की जांच में जुट गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में संचालित निजी अस्पतालों की नियमित जांच न होने से आए दिन इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं। लोगों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन
घटना के बाद अस्पताल के डॉक्टर और स्टाफ मौके से भाग गए। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल को सील कर दिया है। नगर के अस्पताल में प्रसव के दौरान एक दिन के अंतराल पर होने वाली मौत की यह दूसरी घटना है।
विज्ञापन
सुजानगंज क्षेत्र के बेरमाव निवासी विनोद पटेल ने बताया कि शुक्रवार की सुबह 7 बजे वह अपनी ससुराल टटेहरा गांव से गर्भवती पत्नी अंजू (26) को लेकर मिर्जापुर नहर के पास में रहने वाली नर्स पुष्पा के पास पहुंचे।
विज्ञापन
पुष्पा ने बच्चा उल्टा होने की बात कही और उन्हें लेकर जीवन रक्षा हॉस्पिटल में आई। अस्पताल पहुंचने के बाद ऑपरेशन के लिए सर्जन नहीं मिलने पर नार्मल प्रसव कराने लगे। गर्भस्थ शिशु उल्टा होने के कारण प्रसव के दौरान उसकी मौत हो गई। विवाह के छह साल बाद गर्भ के आए शिशु की मौत होने के बाद परिजन आक्रोशित हो गए और हंगामा करने लगे।
घटना की सूचना पुलिस और स्वास्थ्य विभाग को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल को सील कर मामले की जांच में जुट गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में संचालित निजी अस्पतालों की नियमित जांच न होने से आए दिन इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं। लोगों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।