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माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों की होगी जांच
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जौनपुर। परिषदीय विद्यालयों के बाद अब जिले के अनुदानित और राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में तैनात शिक्षकों की शैक्षणिक प्रमाण पत्रों की भी जांच की जाएगी। सभी के अभिलेखों का ब्योरा मांगा गया है। ऐसे में शिक्षक शैक्षणिक प्रमाण पत्र और वेतन जारी होने से संबंधित विवरण जुटाने लगे हैं।
जिले में 150 अनुदानित कॉलेज जबकि 31 राजकीय माध्यमिक विद्यालय व इंटर कॉलेज हैं। इनमें करीब 2000 शिक्षक तैनात हैं। अनुदानित और राजकीय विद्यालयों में शिक्षकों के अधिकांश पद खाली पड़े हैं। परिषदीय विद्यालयों में फर्जी शिक्षकों का खुलासा होने के बाद अब शासन ने माध्यमिक विद्यालय की फाइल खंगालनी शुरू कर दी है। निर्देश के बाद शिक्षक अपनी पत्रावली तैयार करने के लिए सभी शैक्षिक प्रमाण पत्र जुटा रहे हैं। माध्यमिक विद्यालयों में कार्यालय खुलने के बाद सबसे पहले शिक्षक अपनी नौकरी सुरक्षित करने के लिए पत्रावली तैयार कर रहे हैं।
डीआईओएस प्रवीण मणि तिवारी ने बताया कि जिले के राजकीय और अनुदानित विद्यालयों में तैनात शिक्षकों की पत्रावली शासन ने मांगी है। विद्यालयों को निर्देश दिया गया है कि वह अपने यहां तैनात शिक्षकों की पत्रावली तैयार कर शीघ्र मुहैया करा दें, ताकि उसे शासन को भेजा जा सके।
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जिले में 150 अनुदानित कॉलेज जबकि 31 राजकीय माध्यमिक विद्यालय व इंटर कॉलेज हैं। इनमें करीब 2000 शिक्षक तैनात हैं। अनुदानित और राजकीय विद्यालयों में शिक्षकों के अधिकांश पद खाली पड़े हैं। परिषदीय विद्यालयों में फर्जी शिक्षकों का खुलासा होने के बाद अब शासन ने माध्यमिक विद्यालय की फाइल खंगालनी शुरू कर दी है। निर्देश के बाद शिक्षक अपनी पत्रावली तैयार करने के लिए सभी शैक्षिक प्रमाण पत्र जुटा रहे हैं। माध्यमिक विद्यालयों में कार्यालय खुलने के बाद सबसे पहले शिक्षक अपनी नौकरी सुरक्षित करने के लिए पत्रावली तैयार कर रहे हैं।
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डीआईओएस प्रवीण मणि तिवारी ने बताया कि जिले के राजकीय और अनुदानित विद्यालयों में तैनात शिक्षकों की पत्रावली शासन ने मांगी है। विद्यालयों को निर्देश दिया गया है कि वह अपने यहां तैनात शिक्षकों की पत्रावली तैयार कर शीघ्र मुहैया करा दें, ताकि उसे शासन को भेजा जा सके।
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