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वर्षों से वीरान पड़ा है शेरवा का जर्जर एएनएम सेंटर
Updated Wed, 07 Nov 2018 08:10 PM IST
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सिकरारा। विकास क्षेत्र के पांच हजार से अधिक आबादी वाले शेरवा गांव का एएनएम सेंटर कई वषों से जर्जर व वीरान पड़ा है। जिससे राजस्व गांव बघौरा तथा शेरवां के ग्रामीणों के लिए परिवार कल्याण की सारी योजनाओं के क्रियान्वयन में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण की जिन योजनाओं को इस केंद्र से संचालित किया जाता रहा है। उनमें गर्भवती महिलाओं व नवजात शिशुओं को टीका करण तथा सुपोषण मेला बाल पुष्टाहार व समय समय पर नसबंदी शिविर के बारे में दी जाने वाली जानकारी की संगोष्ठी का आयोजन करने में भी कठिनाई होती है। लगभग दो दशक से ग्रामीण यहां होने वाली असुविधाओं का दंश झेल रहे है। इस संदर्भ में सम्बन्धित गांव की मिडवाइफ बिंदु मती सिंह ने बताया कि उक्त भवन जर्जर होने से प्रत्येक माह के पहले सप्ताह में लगाए जाने वाले सुपोषण मेले के अलावा गर्भवती महिलाओं को लगने वाले टीटी के टीके, बच्चों को समय समय पर लगने वाले बीसीजी, पेंटा, खसरा, जेई आदि के टीके लगाने के लिए कभी ग्राम प्रधान तो कभी आशा बहू तथा कभी आंगन बाड़ी कार्य कर्तियों के आवास पर समय निर्धारित करके कार्य सम्पन्न किया जाता है। जिसकी पूर्व सूचना प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर दी जाती है। ग्राम प्रधान प्रेम लता सिंह बताती हैं कि उक्त केंद्र का भवन काफी दिनों से जर्जर हैं। कर्मचारी उसमे जाने से भी डरते हैं। अपने स्तर से उन्होंने शीघ्र ही व्यवस्था देने के लिए जिलाधिकारी को आवेदन पत्र दिया है। ब्लाक के प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. श्याम धर ने उक्त सम्बन्ध में बताया कि ब्लॉक के सभी जर्जर केंद्रों के बारे में सीएमओ कार्यालय पर सूचित किया गया है।