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तीन सदस्यीय कमेटी करेगी जांच
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 22 May 2017 06:47 PM IST
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गोरखपुर विश्वविद्यालय
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गोरखपुर यूनिवर्सिटी के परीक्षा सामान्य विभाग में बीते दिनों दो कर्मचारियों में हुई कहासुनी के मामले पर कुलपति प्रो. वीके सिंह ने कड़ा रुख अख्तियार करते हुए इसकी जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। प्राणी विज्ञान के विभागाध्यक्ष प्रो. दिनेश सिंह की अगुवाई में प्रो. मुरली मनोहर पाठक और चीफ प्रॉक्टर प्रो. सतीश चंद पांडेय भी कमेटी के सदस्य बनाए गए हैं।
शनिवार को कमेटी की पहली बैठक में दोनाें ही पक्षों ने एक दूसरे के ऊपर आरोप लगाए हैं। दोनों ही कर्मचारियों से मंगलवार तक स्पष्टीकरण मांगा गया है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर कर्मचारियों पर गाज गिरनी तय है। गोरखपुर यूनिवर्सिटी के परीक्षा सामान्य विभाग में डिग्री बांटने का काम बाबू नंद लाल चौहान को मिला है। बुधवार को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी फणेश तिवारी और तृतीय श्रेणी कर्मचारी बाबू नंद लाल चौहान के बीच कहासुनी हुई थी। आरोप है कि फणेश तिवारी ने कार्यालय में ही कुछ बाहरी लोगों को अपने पक्ष में बुला लिया था। इसके बाद में साथी कर्मचारियों की सूझबूझ से मामला बिगड़ने से बच गया था। इस मामले को लेकर दोनों पक्षों ने अपनी शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद कुलपति ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है।
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शनिवार को कमेटी की पहली बैठक में दोनाें ही पक्षों ने एक दूसरे के ऊपर आरोप लगाए हैं। दोनों ही कर्मचारियों से मंगलवार तक स्पष्टीकरण मांगा गया है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर कर्मचारियों पर गाज गिरनी तय है। गोरखपुर यूनिवर्सिटी के परीक्षा सामान्य विभाग में डिग्री बांटने का काम बाबू नंद लाल चौहान को मिला है। बुधवार को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी फणेश तिवारी और तृतीय श्रेणी कर्मचारी बाबू नंद लाल चौहान के बीच कहासुनी हुई थी। आरोप है कि फणेश तिवारी ने कार्यालय में ही कुछ बाहरी लोगों को अपने पक्ष में बुला लिया था। इसके बाद में साथी कर्मचारियों की सूझबूझ से मामला बिगड़ने से बच गया था। इस मामले को लेकर दोनों पक्षों ने अपनी शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद कुलपति ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है।
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