{"_id":"578122bb4f1c1bca497fa08a","slug":"testing-in-district-hospital","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिला महिला अस्पताल में जांचें ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिला महिला अस्पताल में जांचें ठप
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Sat, 09 Jul 2016 09:43 PM IST
विज्ञापन
जिला अस्पताल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिला महिला अस्पताल में ब्लड और यूरिन से संबंधित सभी जांचें ठप हो गई है। इमरजेंसी सेवा बहाल होने का दावा जरूर किया जा रहा है मगर हकीकत यह है कि इमरजेंसी में भी आने वाली महिलाओं को जांच के लिए प्राइवेट पैथोलॉजी का ही सहारा लेना पड़ रहा है। प्राइवेट पैथोलॉजी की जांच रिपोर्ट पर ही उपचार हो पा रहा है।
जननी सुरक्षा योजना के तहत महिला अस्पताल में सभी जांच नि:शुल्क होता है। एचआईवी, वीडीआरएल, हीमोग्लोबिन के अलावा कोई भी जांच नहीं हो पा रही है। यह स्थिति दस से दिन से है। महिला अस्पताल में केमिकल का टोटा पंद्रह दिन पहले ही शुरू हो गया था। इसी समय लैब की ओर से अस्पताल प्रशासन को लिखित रूप से अवगत करा दिया गया था कि केमिकल जल्द नहीं आया तो जांच नहीं हो पाएगी। अस्पताल प्रशासन ने पहल भी किया मगर अभी तक केमिकल की आपूर्ति नहीं हो सकी। अस्पताल में रोजाना 60 से 70 महिलाओं की जांच होती है। जांच ठप होने से मरीज प्राइवेट पैथोलॉजी में जांच कराने को मजबूर हैं।
अस्पताल में हेपेटाइटिस, बीटीसीटी, ब्लड ग्रुप, वीडाल, एमपी, ब्लड सुगर व यूरिन से जुड़ी जांचें बंद है। लैब प्रभारी ने बताया कि अस्पताल प्रशासन को केमिकल न होने से प्रभावित जांचों की सूची भेज दी गई है। थोड़ी मात्रा केमिकल है, इससे इमरजेंसी वाले मरीजों की जांच की जा रही है।
विज्ञापन
इस संबंध में महिला अस्पताल की एसआईसी डॉ. एके गुप्ता का कहना है कि केमिकल की डिमांड भेज दी गई। जल्द आपूर्ति होने की संभावना है।
विज्ञापन
जननी सुरक्षा योजना के तहत महिला अस्पताल में सभी जांच नि:शुल्क होता है। एचआईवी, वीडीआरएल, हीमोग्लोबिन के अलावा कोई भी जांच नहीं हो पा रही है। यह स्थिति दस से दिन से है। महिला अस्पताल में केमिकल का टोटा पंद्रह दिन पहले ही शुरू हो गया था। इसी समय लैब की ओर से अस्पताल प्रशासन को लिखित रूप से अवगत करा दिया गया था कि केमिकल जल्द नहीं आया तो जांच नहीं हो पाएगी। अस्पताल प्रशासन ने पहल भी किया मगर अभी तक केमिकल की आपूर्ति नहीं हो सकी। अस्पताल में रोजाना 60 से 70 महिलाओं की जांच होती है। जांच ठप होने से मरीज प्राइवेट पैथोलॉजी में जांच कराने को मजबूर हैं।
विज्ञापन
अस्पताल में हेपेटाइटिस, बीटीसीटी, ब्लड ग्रुप, वीडाल, एमपी, ब्लड सुगर व यूरिन से जुड़ी जांचें बंद है। लैब प्रभारी ने बताया कि अस्पताल प्रशासन को केमिकल न होने से प्रभावित जांचों की सूची भेज दी गई है। थोड़ी मात्रा केमिकल है, इससे इमरजेंसी वाले मरीजों की जांच की जा रही है।
विज्ञापन
इस संबंध में महिला अस्पताल की एसआईसी डॉ. एके गुप्ता का कहना है कि केमिकल की डिमांड भेज दी गई। जल्द आपूर्ति होने की संभावना है।