नेपाल की परियोजना को मिला 91 लाख
नेपाल में बने ए गैप और बी गैप के तटबंध गंडक नदी पर बाढ़ से बचाव के लिए बनाए गए हैं। यदि वहां पर तटबंध टूटेगा तो उसका असर सर्वाधिक भारत के गांवों पर पड़ेगा। महराजगंज और कुशीनगर जनपद सर्वाधिक प्रभावित होंगे। गंडक नदी पर बने तटबंध के रख रखाव की जिम्मेदारी भारत सरकार की होती है। उस पर कार्य कराने के लिए धन केंद्र सरकार की तरफ से दिया जाता है पर कार्य गंडक जोन के महराजगंज डिविजन से कराया जाता है। नेपाल के लिए कई परियोजनाओं का प्रस्ताव भेजा गया था पर तीन परियोजनाओं के लिए 91 लाख रुपये मिले हैं।
इस धन से पुनरस्थापना का कार्य हो सकेगा। बांध के किनारे कटान स्थल पर स्पर , परकोपाइन का कार्य कराया जाएगा। जिन परियोजना के लिए धन मिला है उसमें से एक परियोजना पर 55 लाख, दूसरी पर 21 और तीसरी पर 15 लाख रुपये अवमुक्त किए गए हैं।
- जो धन मिला है, उससे इस समय कार्य नहीं कराया जाएगा क्योंकि बाढ़ का समय है और इस समय कार्य कराने से धन बर्बाद हो जाएगा। इस वजह से अब कोई भी काम बाढ़ के बाद ही कराया जाएगा। 91 लाख रुपये नेपाल की तीन परियोजनाओं के लिए मिला है।
आरडी यादव, अधीक्षण अभियंता