फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   medical unit locked going on 50 years ago

50 सालों से चल रही मेडिकल केयर यूनिट पर ताला

Wed, 02 Mar 2016 12:34 AM IST
गोरखप़ुर। अमर उजाला ब्यूरो
गोरखप़ुर। अमर उजाला ब्यूरो Updated Wed, 02 Mar 2016 12:34 AM IST
विज्ञापन
medical unit locked going on 50 years ago
गोरखपुर। जाफरा बाजार में पचास सालों से चल रही मेडिकल केयर यूनिट को खामोशी से बंद कर दिया गया है। यही नहीं, उसी भवन में चल रही स्कूल हेल्थ डिस्पेंसरी भी बंद हो चुकी है। वहां तैनात डॉक्टर, स्वास्थ्य कर्मियों को कंट्रोल रूम तथा दूसरे हेल्थ पोस्ट पर अटैच कर दिया गया है।
विज्ञापन


जाफरा बाजार में किराए के भवन में करीब 50 सालों से मेडिकल केयर यूनिट और स्कूल हेल्थ डिस्पेंसरी चल रही थी। केयर यूनिट दस बेड के अस्पताल की तरह काम करती थी और इसमें एक डॉक्टर, एक फार्मेसिस्ट समेत 9 स्वास्थ्य कर्मचारी तैनात थे। वहां पर मरीज पहुंचते थे और टीम स्कूलों में भी जांच करती थी।
विज्ञापन


मकान मालिक ने जब मकान खाली करने को कहा तो अफसरों ने ध्यान ही नहीं दिया और बिना दूसरी जगह खोजे भवन खाली कर दिया। इससे पहले ही सीएमओ ने सभी कर्मचारियों को कंट्रोल रूम और हेल्थ पोस्ट पर तैनाती दे दी।
विज्ञापन
विज्ञापन


डॉ. अश्वनी कुमार चौरसिया, फार्मासिस्ट ओमप्रकाश मिश्रा, ज्ञान प्रकाश को कंट्रोल रूम, वार्ड ब्वॉय  कैलाशनाथ पांडेय, अंजुम अब्बास को अपर मुख्य चिकित्साधिकारी प्रतिरक्षण के अधीन, स्वीपर राजेश कुमार, रमजान अली को सीएमओ दफ्तार, वार्ड ब्वॉय सम्मुननिशा को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिछिया और नजमा खातून को हेल्थ पोस्ट झरना टोला में नई तैनाती दी गई है।

मकान मालिक ने भवन खाली करा लिया है जिसके कारण दोनों को बंद करना पड़ा। दूसरे भवन की तलाश की जा रही है जल्द ही इसे शुरू कर दिया जाएगा।
-डॉ. एमके सिंह, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed