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अखंड सुहाग के लिए रखा निराजल उपवास
राजीव रंजन, अमर उजाला, गोरखपुर।
Updated Sun, 04 Sep 2016 08:28 PM IST
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शिव मंदिर में तीज की कथा सुनती महिलाएं।
- फोटो : Shivharsh Dwivedi
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सुहागिनों ने रविवार को दिनभर निराजल उपवास रखा और शाम को सजधज कर शिव-पार्वती की पूजा-अर्चना के साथ सुहाग अखंड रहने की मंगल कामना की। हरितालिका तीज पर व्रत रखने और पति के दीर्घायु की कामना करने वाली महिलाओं को पूरे परिवार का सहयोग मिला। कई स्थानों पर महिलाओं ने समारोहपूर्वक मिलजुल कर पूजा की।
हालांकि त्योहार का उत्साह शनिवार ही देखने को मिलने लगा था। महिलाओं ने जमकर खरीदारी की और मेहंदी रचाई। मेहंदी रचाने के लिए तो कई स्थानों पर लंबी कतार लगी रही लेकिन उपवास का सिलसिला रविवार कोे सूर्योदय से पहले शुरू हुआ, जब महिलाओं ने भोर में भरपेट पानी पीकर निराजल उपवास की शुरूआत की। उसके बाद पूरे उत्साह के साथ दिनभर शाम के आयोजन को लेकर तैयारी चलती रही। शाम होते ही पूरे साज-शृंगार के साथ व्रती महिलाओं ने शिव-पार्वती पूजा की और शृंगार के साजो-सामान चढ़ाए।
तीज का उपवास महिलाएं सोमवार को सूर्योदय के बाद पारन के साथ तोड़ेंगी। कुछ परिवारों में पत्नी की सेहत ठीक न रहने पर पतियों ने उपवास रखकर त्योहार के प्रति श्रद्धा व पत्नी के प्रति प्रेम प्रदर्शित किया।
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हालांकि त्योहार का उत्साह शनिवार ही देखने को मिलने लगा था। महिलाओं ने जमकर खरीदारी की और मेहंदी रचाई। मेहंदी रचाने के लिए तो कई स्थानों पर लंबी कतार लगी रही लेकिन उपवास का सिलसिला रविवार कोे सूर्योदय से पहले शुरू हुआ, जब महिलाओं ने भोर में भरपेट पानी पीकर निराजल उपवास की शुरूआत की। उसके बाद पूरे उत्साह के साथ दिनभर शाम के आयोजन को लेकर तैयारी चलती रही। शाम होते ही पूरे साज-शृंगार के साथ व्रती महिलाओं ने शिव-पार्वती पूजा की और शृंगार के साजो-सामान चढ़ाए।
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तीज का उपवास महिलाएं सोमवार को सूर्योदय के बाद पारन के साथ तोड़ेंगी। कुछ परिवारों में पत्नी की सेहत ठीक न रहने पर पतियों ने उपवास रखकर त्योहार के प्रति श्रद्धा व पत्नी के प्रति प्रेम प्रदर्शित किया।
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